अडानी ग्रुप की कंपनी अडानी ग्रीन एनर्जी (Adani Green Energy) ने बुधवार यानी 2 फरवरी को अपने तिमाही के नतीजे जारी किये। सालाना आधार पर कंपनी की वित्त वर्ष 2021-22 की अक्टूबर-दिसंबर तिमाही में कंसोलिडेटेड मुनाफा लगभग 20 प्रतिशत की वृद्धि के साथ 49 करोड़ रुपये हो गया। कंपनी की बीएसई फाइलिंग में कहा गया था कि कंपनी ने 31 दिसंबर, 2020 को समाप्त तिमाही में 49 करोड़ रुपये का कंसोलिडेटेड शुद्ध मुनाफा दर्ज किया था।
सालाना आधार पर वित्त वर्ष 2021-22 की तीसरी तिमाही में कंपनी की कुल आय बढ़कर 1,471 करोड़ रुपये हो गई, जो वित्त वर्ष 2020-21 की तीसरी तिमाही में 843 करोड़ रुपये थी।
रिजल्ट पर टिप्पणी करते हुए अडानी ग्रीन एनर्जी के एमडी और सीईओ, विनीत एस जैन ( Vneet S. Jaain, MD & CEO, Adani Green Energy) ने एक बयान में कहा, "निरंतर मजबूत ऑपरेशनल परफॉर्मेंस और फर्म पीपीए के प्रदर्शन के साथ ग्रोथ में सुधार ये दर्शाता है कि हम अच्छी तरह से हैं 2030 तक सबसे बड़ी रिन्यूएबल कंपनी बनने की राह पर आगे बढ़ रहे हैं। "
उन्होंने आगे कहा, "ESG के प्रति हमारी प्रतिबद्धता केवल ग्रीन एनर्जी के साथ दुनिया को रोशन करने हमारे प्रयासों की वैश्विक मान्यता के साथ मजबूत हो रही है और हम इसके आगे सभी मोर्चों पर सर्वोत्तम ESG प्रैक्टिसेस को शामिल करेंगे।"
कंपनी ने दिसंबर तिमाही में 2,504 मिलियन यूनिट बिजली बेची, जो एक साल पहले इसी अवधि में 1,273 एमयू थी। अप्रैल से दिसंबर 2021 के दौरान, इसने 6,456 MU की बिक्री की, जो एक साल पहले नौ महीने की अवधि में 3,857 MU से अधिक है।
अडानी ग्रीन एनर्जी, भारत स्थित अडानी ग्रुप का एक हिस्सा है, जिसके पास 20.3 GW 3 का पोर्टफोलियो है जिसकी वजह से ये सबसे बड़े वैश्विक रिन्यूएबल पोर्टफोलियो वाली कंपनियों में शामिल है।
कंपनी युटिलिटी-स्केल पर ग्रिड से जुड़े सौर और पवन कृषि परियोजनाओं का विकास, निर्माण, स्वामित्व, संचालन और रखरखाव करती है। एजीईएल (AGEL) के प्रमुख ग्राहकों में Solar Energy Corporation of India (SECI), एनटीपीसी (NTPC) और विभिन्न राज्य डिस्कॉम शामिल हैं।
साल 2018 में सूचीबद्ध, AGEL कंपनी की मार्केट कैप 40 अरब अमेरिकी डॉलर है जो भारत को अपने COP21 लक्ष्यों को पूरा करने में मदद कर रही है।