Shriram Capital : ग्लोबल इनवेस्टमेंट फर्म केकेआर (KKR) की भारतीय कंपनी श्रीराम जनरल इंश्योरेंस (Shriram General Insurance) की लगभग 10 फीसदी हिस्सेदारी खरीदने के लिए चल रही बातचीत एडवांस स्टेज में पहुंच गई है। एक सीनियर एग्जीक्यूटिव ने मनीकंट्रोल से बातचीत में कहा कि केकेआर 1,800 से 2,000 करोड़ रुपये में श्रीराम कैपिटल की स्टेक खरीद सकती है। श्रीराम कैपिटल चेन्नई के श्रीराम ग्रुप की होल्डिंग कंपनी है, जो बड़े बदलाव पर काम कर रहा है।
श्रीराम ग्रुप के एक सीनियर मेंबर एस नटराजन ने कहा, इंश्योरेंस बिजनेस को श्रीराम कैपिटल से अलग या डिमर्ज करने से पहले यह स्टेक बेची जाएगी। इस क्रम में पैसा श्रीराम कैपिटल को मिलेगा। मनीकंट्रोल ने इस पर केकेआर से संपर्क किया है और प्रतिक्रिया मिलने पर स्टोरी अपडेट की जाएगी।
रिस्ट्रक्चरिंग का है प्लान
ऐसा है कंपनी का ओनरशिप स्ट्रक्चर
अभी तक, जनरल इंश्योरेंस बिजनेस का स्वामित्व 19,85,95,747 शेयरों के साथ मुख्य रूप से श्रीराम कैपिटल (पूर्व नाम फाइनेंशियल होल्डिंग्स प्रा. लि.) के पास था, जो कंपनी की पेडअप कैपिटल का 76.63 फीसदी है। सनलाम इमर्जिंग मार्केट्स के पास पेडअप कैपिटल की 22.92 फीसदी हिस्सेदारी है। कंपनी की हालिया एनुअल रिपोर्ट के मुताबिक, कुल पब्लिक होल्डिंग 0.45 फीसदी है। केकेआर को श्रीराम कैपिटल की स्टेक में से हिस्सेदारी बेची जाएगी।
श्रीराम कैपिटल में कई कंपनियों की हिस्सेदारी है। श्रीराम ओनरशिप ट्रस्ट (एसओटी) के पास 29.7 फीसदी हिस्सेदारी है, जो ग्रुप के फाइनेंसियल सर्विसेज बिजनेस की होल्डिंग कंपनी के रूप में उभरेगी। इसके अलाला टीपीजी के पास 9.4 फीसदी, श्रीवेल ट्रस्ट की 13.2 फीसदी, पीरामल की 20 फीसदी और सनलाम की 26 फीसदी हिस्सेदारी है।
कंपनी ने अपनी एनुअल रिपोर्ट में कहा था कि जनरल इंश्योरेंस इंडस्ट्री को प्रॉफिट कमाने के लिए जूझना पड़ रहा है। एनुअल रिपोर्ट के मुताबिक, “2020-21 में नॉन लाइफ इंश्योरेंस 6 फीसदी से ज्यादा बढ़ा है। 31 मार्च, 2021 को समाप्त वर्ष में इंडस्ट्री का ग्रॉस रिटिन प्रीमियम (जीडब्ल्यूपी) 1,98,736.21 करोड़ रुपये रहा, जो एक साल पहले की समान अवधि में 1,86,712.58 करोड़ रुपये था। लेकिन इंडस्ट्री के लिए जीडब्ल्यूपी की ग्रोथ के साथ प्रॉफिट नहीं आ रहा है। भारी कॉम्पिटीशन और ऊंची इन्फ्रास्ट्रक्चर कॉस्ट प्रॉफिट में सबसे बड़ी बाधाएं हैं।”