NSE F&O ban : नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) में मंगलवार, 29 मार्च, 2022 को फ्यूचर एंड ऑप्शंस (futures and options) सेगमेंट के तहत कुल तीन स्टॉक्स में ट्रेडिंग पर बैन लगा दिया है। एनएसई (NSE) के मुताबिक, इन सिक्योरिटीज को F&O सेगमेंट में बैन के तहत डाल दिया गया है, क्योंकि इनकी मार्केट वाइड पोजिशन लिमिट (MWPL) 95 फीसदी के पार चली गई है।
स्टॉक एक्सचेंज द्वारा पीवीआर (PVR), वोडाफोन आइडिया (Vodafone Idea) और सन टीवी (Sun TV) को एफएंडओ स्टॉक बैन लिस्ट (stock ban list) में डाल दिया। NSE रोजाना बैन से जुड़ी सिक्योरिटीज की लिस्ट को अपडेट करता है।
एनएसई (NSE) के मुताबिक, उक्त सिक्योरिटीज में डेरिवेटिव कांट्रैक्ट्स (derivative contracts) की मार्केट वाइड पोजिशन लिमिट (MWPL) 95 फीसदी के पार चली जाती है। इसलिए, इन्हें स्टॉक एक्सचेंज द्वारा बैन पीरियड में डाल दिया गया है।
एनएसई (NSE) ने कहा, “बताया जाता है कि सभी क्लाइंट्स/ मेंबर्स संबंधित सिक्योरिटीज में अपनी पोजिशन घटाने के लिए ही डेरिवेटिव कॉन्ट्रैक्ट्स में ट्रेड करेंगे। ओपन पोजिशन में किसी भी प्रकार की बढ़ोतरी पर दंडात्मक और अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।”
नई पोजिशन के लिए अनुमति नहीं
जब कोई स्टॉक एफएंडओ बैन पीरियड में होता है तो किसी एफएंडओ कॉन्ट्रैक्ट्स में नई पोजिशन के लिए अनुमति नहीं होती है। मार्केट वाइड पोजिशन लिमिट (MWPL) स्टॉक एक्सचेंजों द्वारा तय की जाती है जो किसी भी समय अधिकतम संख्या में ओपन कॉन्ट्रैक्ट्स (ओपन इंटरेस्ट) की संख्या है। इसलिए, यदि किसी स्टॉक में ओपन इंटरेस्ट एमडब्ल्यूपीएल का 95 फीसदी से ज्यादा हो जाता है तो स्टॉक में एफएंडओ कॉन्ट्रैक्ट्स बैन पीरियड में प्रवेश कर जाते हैं।