Trading plan : एक्सपर्ट्स से जानें क्या मंदी के माहौल में Nifty और Bank Nifty फिर से पॉजिटिव जोन में लौट पाएंगे

Trading plan : आज बाजार में कुछ रिकवरी देखने को मिल सकती है। हालांकि रेंजबाउंड ट्रेडिंग की ही उम्मीद है। इस बढ़त का टिके रहना ही सबसे अहम बात होगी,क्योंकि इंडेक्स एक बार फिर 'उछाल पर बिकवाली'(sell-on-rise) के ट्रेंड में दिख रहा है

अपडेटेड May 13, 2026 पर 9:31 AM
Story continues below Advertisement
Trading Plan: निफ्टी एक बार फिर उछाल पर बिकवाली के ट्रेंड की ओर मुड़ गया है,क्योंकि इसमें अहम रेजिस्टेंस लेवल से गिरावट देखी जा रही है और साथ ही मीडियम-टर्म चार्ट पर लोअर हाई बन रहा है

Trading Plan : पिछले तीन दिनों में भारी बिकवाली के दबाव के बाद,बाज़ार में कुछ सुधार देखने को मिल सकता है। हालांकि रेंजबाउंड ट्रेडिंग की ही उम्मीद है। इस बढ़त का टिके रहना ही सबसे अहम बात होगी,क्योंकि इंडेक्स एक बार फिर 'उछाल पर बिकवाली'(sell-on-rise) के ट्रेंड में दिख रहा है। Nifty को 23,400 के स्तर पर रुकावट का सामना करना पड़ सकता है। इस स्तर के ऊपर जाकर टिके रहने पर ही 23,500–23,600 के दायरे की ओर बढ़ने की संभावना बढ़ सकती है। अगर इंडेक्स 23,400 के ऊपर नहीं जा पाता है तो यह गिरकर 23,200–23,000 के स्तर तक पहुंच सकता है।

इस बीच Bank Nifty को 54,400–54,500 के जोन की ओर बढ़ने के लिए 53,700 के ऊपर वापस चढ़ना होगा। हालांकि,बाजार जानकारों का कहना है कि अगर इंडेक्स इस स्तर से नीचे बना रहता है तो नियर टर्म में इसके 52,800–52,700 तक पहुंचने की संभावना बढ़ सकती है।

निफ्टी आउटलुक और रणनीति


AT रिसर्च एंड रिस्क मैनेजर्स के फाउंडर और एनालिस्ट आदित्य ठुकराल का कहना है कि हाल के ट्रेडिंग सेशन के दौरान Nifty 50 में गिरावट जारी रही और इसमें सुधार के कोई संकेत नहीं दिखे। मध्यम-अवधि और लंबी-अवधि के एक्सपोनेंशियल मूविंग एवरेज इस रैली के लिए रेजिस्टेंस लेवल साबित हुए और इंडेक्स इन एवरेज से ऊपर टिकने में पूरी तरह से नाकाम रहा। 'लोअर लो'बनने के साथ ही बाजार के फॉर्मेशन को नुकसान पहुंचा है। यह गिरावट कई पैमानों पर बाजार की खराब होती ब्रेथ में भी साफ दिखाई दी है।

इंडेक्स एक बार फिर उछाल पर बिकवाली के ट्रेंड की ओर मुड़ गया है,क्योंकि इसमें अहम रेजिस्टेंस लेवल से गिरावट देखी जा रही है और साथ ही मीडियम-टर्म चार्ट पर 'लोअर हाई'(lower high) बन रहा है। इसके अलावा,यह गिरावट स्वभाव से इंपल्सिव (तेज) लग रही है और इसके संकेत बेयरिश (मंदी वाले) हैं।

जहां तक ​​डेरिवेटिव्स सेगमेंट में पोजीशनिंग की बात है तो इसमें हिस्सा लेने वालों को आगे और गिरावट की उम्मीद है,क्योंकि वे आक्रामक लॉन्ग पोजीशन बनाने से हिचकिचा रहे हैं और इसके बजाय कॉल राइटिंग के ज़रिए इंडेक्स पर शॉर्ट पोजीशन बना ली हैं।

अहम रेजिस्टेंस: 23,500, 23,620

अहम सपोर्ट: 23,340, 23,190

रणनीति: निफ्टी फ्यूचर्स को 23,560 के आसपास बढ़ने पर बेचें, स्टॉप-लॉस 23,660 पर रखें और लक्ष्य 23,360 रखें।

Market cues : 23400 के नीचे बने रहने तक निफ्टी में और गिरावट का डर, इसके ऊपर जाने पर लौट सकती है तेजी

बैंक निफ्टी आउटलुक और रणनीति

आदित्य ठुकराल का कहना है कि बैंकिंग इंडेक्स 56,300 के स्तर तक रिकवर करने के बाद एक और तेज गिरावट देख रहा है। शॉर्ट-टर्म चार्ट पर एक नया 'लोअर लो'बना है और साथ ही मीडियम-टर्म चार्ट पर एक 'लोअर हाई'भी बना है। इंडेक्स सभी मुख्य EMAs के नीचे बना हुआ है और ये सभी नीचे की ओर झुके हुए हैं,जो डाउनट्रेंड के जारी रहने का संकेत देते हैं।

पिछले तीन ट्रेडिंग सत्रों से इंडेक्स पिछले दिन के निचले स्तर से नीचे बंद हो रहा है जो कि एक बेहद मंदी वाला प्राइस एक्शन है। इस गिरावट के रुख में तत्काल किसी भी तरह के पलटाव के कोई संकेत नहीं हैं और इंडेक्स के लिए उछाल में बिकवाली का ही माहौल बना हुआ है।

बैंकिंग इंडेक्स के डेरिवेटिव्स सेगमेंट में पोजीशनिंग बहुत ज्यादा बेयरिश है। इसमें ज़ोरदार लॉन्ग अनवाइंडिंग के साथ-साथ शॉर्ट बिल्ड-अप भी देखने को मिल रहा है।

अहम रेजिस्टेंस: 54,000, 54,450

अहम सपोर्ट: 53,400, 52,800

रणनीति : Bank Nifty Futures को 54,150 के आस-पास बढ़ने पर बेचें, स्टॉप-लॉस 54,450 पर रखें और टारगेट 53,550 का रखें।

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।