आईटी सेवा प्रदाता टेक महिंद्रा लिमिटेड (Tech Mahindra Ltd) के शेयरों में निवेशक दिसंबर तिमाही में कंपनी के मार्जिन परफॉर्मेंस से निराश हैं। तिमाही आधार पर Ebit मार्जिन 40 बेसिस प्वाइंट गिरकर 14.8% हो गई जबकि इसके 15.3% रहने का अनुमान था। Ebit ब्याज और कर से पहले की कमाई होती है। उप-ठेकेदारी की बढ़ी हुई लागत, आपूर्ति की चुनौतियों और आक्रामक फ्रेशर हायरिंग के कम उपयोग के कारण तिमाही के दौरान टेक महिंद्रा का मार्जिन प्रभावित हुआ। इसकी वजह से Q3FY22 नतीजों के बाद बुधवार के शुरुआती कारोबार में NSE पर स्टॉक लगभग 4% गिर गया।
कॉन्स्टैंट करेंसी के संदर्भ में कंपनी में तिमाही आधार पर संचार, मीडिया और मनोरंजन और एंटरप्राइज वर्टिकल में बेहतर वृद्धि के कारण 4.7% की आय ग्रोथ देखने को मिली। नतीजों के बाद कांफ्रेंस कॉल में मैनेजमेंट ने कहा कि वह सभी वर्टिकल में व्यापक मांग के आधार पर आय वृद्धि की गति को बनाए रखने के प्रति आश्वस्त है।
इसके अलावा 70.4 करोड़ डॉलर के कुल कॉन्ट्रैक्ट मूल्य की कंपनी नई डील मजबूत रही। कंपनी के प्रबंधन के अनुसार डील पाइपलाइन अच्छी बनी हुई है और यह उम्मीद करते हैं कि अच्छी डील हासिल करने की गति जारी रहेगी।
शेयरखान (Sharekhan) के विश्लेषकों का मानना है कि टेक महिंद्रा दूरसंचार सेवा प्रदाताओं, इकोसिस्टम में 5G अपोर्च्युनिटी में भाग लेने के लिए अच्छी पोजीशन में है, क्योंकि ये डिजिटाइजेशन और नेटवर्क इंटीग्रेशन पर फोकस करता है। हालांकि, ब्रोकरेज हाउस ने आगाह करते हुए कहा कि 5G से संबंधित व्यय में देरी से आय के अनुमान प्रभावित हो सकते हैं।
1 फरवरी को शेयरखान की रिपोर्ट में कंपनी के लिए एक और नकारात्मक जोखिम प्रस्तुत किया है जिसमें कहा गया "मौजूदा वीजा व्यवस्था के संबंध में कोई भी प्रतिकूल निर्णय होने से कर्मचारी खर्च पर असर पड़ेगा क्योंकि इससे स्थानीय कर्मचारियों को कम अनुपात पर ऑनसाइट भेजा जा सकता है।"
पिछले एक साल में टेक महिंद्रा के शेयर में करीब 52 प्रतिशत की तेजी आई है जबकि इसी अवधि में आउटपरफॉर्मिंग सेक्टर इंडेक्स निफ्टी आईटी ने 40 प्रतिशत का रिटर्न दिया है।