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फ्रैंकलिन टेम्पलटन MF के निवेशकों को आज से पांचवें चरण के ₹3303 करोड़ मिलेंगे, जानिए क्या करना होगा

Franklin Templeton Mutual Fund: पांचवे चरण के 3303 करोड़ रुपए को जोड़ लें तो अब तक निवेशकों के 21,080 करोड़ रुपए लौटाए जा चुके हैं

MoneyControl Newsअपडेटेड Jul 12, 2021 पर 9:45 AM
फ्रैंकलिन टेम्पलटन MF के निवेशकों को आज से पांचवें चरण के ₹3303 करोड़ मिलेंगे, जानिए क्या करना होगा

SBI फंड मैनेजमेंट्स (SBI MF) फ्रैंकलिन टेम्पलटन के निवेशकों को पांचवें चरण में 3303 करोड़ रुपए देने वाली है। इसकी शुरुआत सोमवार 12 जुलाई से होगी। फ्रैंकलिन टेम्पलटन ने 6 स्कीम्स बंद कर दी थी जिसके बाद से ही इन स्कीम्स में निवेश करने वालों के पैसे अटके हुए हैं।

फ्रैंकलिन टेम्पलटन के प्रवक्ता ने रविवार 11 जुलाई को बताया था कि पांचवे चरण के 3303 करोड़ रुपए को जोड़ लें तो अब तक निवेशकों के 21,080 करोड़ रुपए लौटाए जा चुके हैं। यह कंपनी के कुल AUM (एसेट अंडर मैनेजमेंट) का 84 फीसदी है।

फ्रैंकलिन टेम्पलटन के निवेशकों के पैसे लौटाने की शुरुआत इस साल फरवरी से हुई थी। पहले चरण में निवेशकों को 9122 करोड़ रुपए मिले। दूसरा चरण 12 अप्रैल से शुरू हुआ था जिसमें निवेशकों को 2962 करोड़ रुपए लौटाए गए। तीसरा चरण 3 मई से शुरू हुआ था। तब 2489 करोड़ रुपए निवेशकों को मिले थे। चौथा चरण 7 जून से शुरू हुई जिसमें 3205 करोड़ रुपए निवेशकों को वापस किए गए। 12 जुलाई से पांचवां चरण शुरू हुआ है जिसमें 3303 करोड़ रुपए लौटाए जाएंगे।
 
कैसे मिलेगा पेमेंट?

यह रकम उन्हीं निवेशकों को लौटाई जा रही है जिन्होंने फ्रैंकलिन टेम्पलटन की बंद हो चुकी स्कीम में निवेश किया था। अपनी रकम वापस लेने के लिए निवेशकों को KYC की प्रक्रिया पूरी करनी होगी।

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रकम की वापसी निवेशक के अनुपात में की जाएगी। SBI MF की तरफ से ये पेमेंट इलेक्ट्रॉनिक मोड से की जाएगी। फ्रैंकलिन टेम्पलटन की 6 स्कीम्स बंद होने के बाद सुप्रीम कोर्ट ने SBI MF को नियुक्त किया था ताकि वो फ्रैंकलिन टेम्पलटन के एसेट्स बेचकर पैसे लौटा सके।

जो निवेशक इलेक्ट्रॉनिक मोड से पैसा नहीं ले पाएंगे SBI MF उनके नाम से चेक या डिमांड ड्राफ्ट जारी करेगा। यह उनके रजिस्टर्ड पते पर ही भेजा जाएगा।

फ्रैंकलिन टेम्पलटन ने 23 अप्रैल 2020 को अपनी 6 स्कीम्स को बंद कर दिया था। रीडम्पशन (यूनिट बेचने)  प्रेशर बढ़ने और बॉन्ड मार्केट में लिक्विडिटी नहीं होने के कारण कंपनी को अपनी स्कीम्स बंद करनी पड़ी थी। 

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