Axis Bank share sale : सरकार को एक्सिस बैंक में अपनी हिस्सेदारी बेचने से लगभग 3,849 करोड़ रुपये यानी 47.21 करोड़ डॉलर मिले हैं। सरकार ने अपने स्वामित्व वाली एक इनवेस्टमेंट व्हीकल स्पेसिफाइड अंडरटेकिंग ऑफ द यूनिट ट्रस्ट ऑफ इंडिया (SUUTI) के जरिये यह हिस्सेदारी बेची है। डिसइनवेस्टमेंट सेक्रेटरी ने 16 नवंबर को ट्विटर के जरिये यह जानकारी दी है। सरकार ने एक्सिस बैंक में 1.5 फीसदी हिस्सेदारी बेचकर 3,839 करोड़ रुपये हासिल किए हैं, जो हिस्सेदारी SUUTI के जरिये उसके पास थी। ऑफर के लिए फ्लोर प्राइस 830.63 रुपये प्रति इक्विटी शेयर तय किया गया था।
डिसइनवेस्टमेंट सेक्रेटरी ने दी जानकारी
डिपार्टमेंट ऑफ इनवेस्टमेंट एंड पब्लिक एसेट मैनेजमेंट सेक्रेटरी तुहीन कांत पांडे ने कहा, “सरकार को SUUTI के पास मौजूद एक्सिस बैंक के शेयरों की बिक्री से लगभग 3,839 करोड़ रुपये मिले हैं।” बुधवार, 16 नवंबर को एक्सिस बैंक के शेयर 0.44 फीसदी गिरकर 854.65 रुपये पर बंद हुए।
SUUTI की स्टेक बेचने के साथ, इस वित्त वर्ष में डिसइनवेस्टमेंट से हुई प्राप्तियां बढ़कर 28,383 करोड़ रुपये हो गई है। बजट में मौजूदा वित्त वर्ष (अप्रैल-मार्च) में डिसइन्वेस्टमेंट (disinvestment) से 65,000 करोड़ रुपये जुटाने का लक्ष्य तय किया गया था।
बेन कैपिटल भी बेच चुकी है स्टेक
इस ब्लॉक डील के लिए ICICI सिक्योरटीज, सिटीग्रुप ग्लोबल मार्केट्स इंडिया और मॉर्गन स्टैनली इंडिया को ब्रोकर नियुक्त किया गया था। कुछ दिन पहले ही, अमेरिका की दिग्गज प्राइवेट इक्विटी फर्म बेन कैपिटल (Bain Capital) ने भी एक्सिस बैंक में अपनी 0.54 फीसदी हिस्सेदारी को खुले बाजार में लेन-देन के जरिए 1,487 करोड़ रुपये में बेचा था।