SEBI in Action: पूंजी बाजार नियामक सेबी ने इल्लिक्विड स्टॉक ऑप्शंस सेगमेंट में नॉन-जेनुईन ट्रेड के मामले में 6 एंटिटीज पर 30 लाख रुपए का जुर्माना लगाया है। सेबी ने अलग अलग ऑर्डर में श्रेनिल एल जावेरी, स्काईरेल लॉजिस्टिक्स, न्यू स्टार सिस्टम सॉल्यूशंस, सीमा डिडवानिया, सरोज देवी बाजोरिया और पवन कुमार केजरीवाल एचयूएफ 5-5 लाख रुपए का जुर्माना लगाया है। सेबी ने यह आदेश तब दिया, जब उसने बीएसई के इलिक्विड स्टॉक ऑप्शंस सेगमेंट में ट्रेडिंग के दौरान बड़े पैमाने पर उलटफेर देखा।
इन स्टॉक में नॉन-जेनुईन ट्रेडिंग के चलते एक्सचेंज पर ऑर्टिफिशियल वॉल्यूम तैयार हुआ। इस मामले को लेकर सेबी ने अप्रैल 2014 से सितंबर 2015 तक बीएसई पर इस सेगमेंट में शामिल कुछ एंटिटीज के व्यापारिक गतिविधियों की जांच की।
SEBI को क्यों करनी पड़ी इस ट्रेडिंग की जांच
सेबी ने इलिक्विड स्टॉक्स ऑप्शंस सेगमेंट में ट्रेडिंग की जांच की तो पाया कि ये छह एंटिटीज उन लोगों में शामिल थीं जो रिवर्सल ट्रेडों को अंजाम दे रही थीं। बाजार नियामक सेबी का कहना है कि ये रिवर्सल ट्रेड नॉन-जेनुईन हैं क्योंकि उन्हें आम ट्रेडिंग के तौर पर किया गया और इससे आर्टिफिशियल वॉल्यूम तैयार होने के हिसाब से गलत संकेत मिला।
किस प्रावधान का हुआ है उल्लंघन
सेबी के आदेश के मुताबिक इन एंटिटीज ने PFUTP (प्रोहिबिशन ऑफ फ्रॉजलंट एंड अनफेयर ट्रेड प्रैक्टिसेज) के प्रावधानों का उल्लंघन किया था। इन सबके अलावा एक अलग आदेश में बाजार नियामक ने मर्चेंट बैंकर से जुड़े नियमों के उल्लंघन के लिए एसएमसी कैपिटल्स और कार्वी इन्वेस्टर सर्विसेज पर 5 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। यह जुर्माना मिलकर और अलग-अलग देना होगा।