Share Market Crash: अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव और बॉन्ड यील्ड में उछाल ने शेयर मार्केट पर ऐसा दबाव बनाया कि आज भी यह संभल नहीं पाया। इंट्रा-डे में सेंसेक्स 700 प्वाइंट्स से अधिक टूट गया तो निफ्टी भी 22600 के नीचे आ गया। बिकवाली का दबाव इतना तेज रहा कि निचले स्तर पर खरीदारी यानी वैल्यू बाइंग के बावजूद इनके संभलने की कोशिश फेल हो गई। ब्रोडर लेवल पर भी बिकवाली का भारी दबाव रहा और निफ्टी मिडकैप 100 और निफ्टी स्मॉल कैप 100 करीब 1-1% कमजोर हुए। लगातार दूसरे दिन शेयर मार्केट की इस तबाही में बीएसई पर लिस्टेड कंपनियों का मार्केट कैप करीब ₹3 लाख करोड़ कम हो गई यानी कि निवेशकों की दौलत करीब ₹3 लाख करोड़ घट गई।
