दक्षिण कोरिया के शेयर बाजार में 26 जून को एक बार फिर कोहराम मच गया। प्रमुख सूचकांक कोस्पी बाजार खुलते ही गिरने लगा। कुछ ही देर में यह 8 फीसदी से ज्यादा क्रैश कर गया। इसके बाद ट्रेडिंग 20 मिनट के लिए रोक दी गई। चिप बनाने वाली कंपनियों के शेयरों में बड़ी बिकवाली इसकी वजह है। इस हफ्ते दूसरी बार दक्षिण कोरिया के बाजारों में इतनी बड़ी बिकवाली देखने को मिली है।
चिप बनाने वाली कंपनियों के शेयरों में बड़ी गिरावट
Samsung Electronics और SK Hynix के शेयरों में सबसे ज्यादा गिरावट आई। दोनों के शेयर 9-9 फीसदी से ज्यादा लुढ़क गए। बाजार खुलने के कुछ ही घंटों में विदेशी निवेशकों ने 1.7 अरब डॉलर के शेयर बेच दिए। इस हफ्ते की शुरुआत में भी चिप बनाने वाली कंपनियों के शेयरों में बड़ी गिरावट ने निवेशकों को डरा दिया था। लेकिन, 25 जून को Micron Technology के आगे कारोबार बेहतर रहने के अनुमान में अमेरिकी बाजारों में SK Hynix की लिस्टिंग के प्लान से सेंटिमेंट पॉजिटिव हुआ था।
एआई से जुड़ी कंपनियों के शेयरों में बड़ा उतार-चढ़ाव
एक्सपर्ट्स का कहना है कि दुनिया की दिग्गज कंपनी एपल ने मेमोरी चिप्स की कमी से अपने प्रोडक्ट्स के दाम बढ़ाए हैं। उधर, OpenAI के अपना आईपीओ अगले साल तक टाल देने की खबर है। इन खबरों का असर बाजार के सेंटिमेंट पर पड़ा। ओपनएआई के आईपीओ के प्लान को टाल देने की वजह टेक्नोलॉजी कंपनियों के शेयरों में ज्यादा उतार-चढ़ाव हो सकता है।
इस साल दक्षिण कोरिया का बाजार सबसे ज्यादा चढ़ा है
इस साल दक्षिण कोरिया के बाजार का प्रदर्शन सबसे अच्छा रहा है। इसमें चिप बनाने वाली कंपनियों के शेयरों में तेजी का बड़ा हाथ है। बताया जाता है कि प्रमुख सूचकांक में चिप बनाने वाली दो सबसे बड़ी कंपनियों का वेटेज करीब 60 फीसदी तक पहुंच गया है। चिप और सेमीकंडक्टर कंपनियों के शेयरों में विदेशी निवेशकों ने भी काफी निवेश किया है। बाजार के कुछ जानकारों का कहना है कि अभी यह बताना मुश्किल है कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस टूल्स में निवेश का कितना फायदा कंपनियों को मिलेगा।
भारत में मोहर्रम के मौके बीएसई और एनएसई में छुट्टी
इधर, भारतीय शेयर बाजारों में आज छुटी है। मोहर्रम के उपलक्ष्य में बीएसई और एनएसई में 26 जून को बंद हैं। कमोडिटी एक्सचेंज एमसीएक्स में भी सुबह के सत्र में कारोबार नहीं होगा। शेयर बाजार 27 और 28 जून को भी बंद रहेंगे। दोबारा बाजार 29 जून यानी सोमवार को खुलेंगे। 25 जून को भारतीय शेयर बाजार के प्रमुख सूचकांक हरे निशान में बंद हुए।