South Korea Stock Market: दक्षिण कोरिया के शेयर बाजार में 29 जुलाई को भी बड़ी गिरावट आई। कारोबार की शुरुआत में कोस्पी मजबूत खुला। लेकिन, कुछ ही घंटे बाद बिकवाली दबाव से यह लाल निशान में आ गया। एक समय तो यह 10 फीसदी तक गिर गया था। उसके बाद कुछ संभला। दक्षिण कोरिया के समय के मुताबिक 3:10 बजे (भारतीय समय के मुताबिक 12 बजे) यह 8 फीसदी गिरकर 5,541 अंक पर था। साऊथ कोरिया और भारत के समय में 3:30 घंटे का फर्क है।
तिमाही नतीजों के बाद एसके हायनिक्स के शेयर क्रैश
दक्षिण कोरिया के बाजार में लगातार दूसरे दिन बड़ी गिरावट की वजह एसके हायनिक्स के नतीजे हैं। कंपनी का प्रदर्शन जून तिमाही में अनुमान से कमजोर रहा। कारोबार खत्म होने से कुछ देर पहले SK Hynix का शेयर 9.55 फीसदी नीचे चल रहा था। सैमसंग इलेक्ट्रॉनिक्स के शेयरों में भी लगातार दूसरे दिन बड़ी गिरावट दिखी। एक समय यह 8 फीसदी तक गिर गया था। लेकिन, कारोबार बंद होने से कुछ देर पहले यह कुछ संभला।
बीते एक महीने में कोस्पी में करीब 35 फीसदी गिरावट
बीते एक महीने में कोस्पी में बड़ी गिरावट आई है। 35 फीसदी गिरने के बाद यह एक तरह से आसमान से जमीन पर आ गया है। इसमें चिप बनाने वाली कंपनियों SK Hynix और Samsung Electronics के शेयरों में बड़ी गिरावट का हाथ है। दरअसल, चिप बनाने वाली कंपनियों के शेयरों में अब निवेशकों की दिलचस्पी घटती दिख रही है। इस वजह से इन कंपनियों के शेयरों में बड़ी गिरावट आ रही है। 28 जुलाई को भी एसके हायनिक्स और सैमसंग इलेक्ट्रॉनिक्स में बड़ी गिरावट आई थी।
कोस्पी का प्रॉफिट 557% बढ़ने पर भी बाजार नाखुश
SK Hynix ने अपने तिमाही नतीजों का ऐलान किया है। इस दौरान कंपनी का प्रॉफिट 557 फीसदी बढ़ा है। लेकिन, यह बाजार की उम्मीद के मुकाबले कम है। इस वजह से 29 जुलाई को शेयर क्रैश कर गया। एक समय यह करीब 15 फीसदी तक गिर गया था। इसका असर सैमसंग के शेयरों पर भी पड़ा। कोरिया के बाजार के प्रमुख सूचकांक कोस्पी में इन दो शेयरों की करीब 60 फीसदी हिस्सेदारी है।
स्मॉलकैप और मिडकैप सूचकांक में भी बड़ी गिरावट
दक्षिण कोरिया में स्मॉलकैप और मिडकैप कंपनियों के सूचकांक KOSDAQ में भी 29 जुलाई को तेज गिरावट आई। एक समय यह 8 फीसदी तक क्रैश कर गया था। इसके बाद ट्रेडिंग 20 मिनट के लिए रोक दी गई। कोरिया के बाजार में लगातार बिकवाली का दबाव दिख रहा है। इसके बावजूद यह बीते एक साल में दुनिया में सबसे ज्यादा रिटर्न देने वाला बाजार है। कोस्पी का एक साल का रिटर्न 71 फीसदी से ज्यादा है। इस दौरान एसके हायनिक्स और सैमसंग इलेक्ट्रॉनिक्स के शेयरों ने निवेशकों का पैसा कई गुना किए हैं। इस तेजी में ग्लोबल इनवेस्टर्स की खरीदारी का बड़ा हाथ है।
भारतीय शेयर बाजारों के प्रमुख सूचकांकों में जबर्दस्त तेजी
इधऱ, भारतीय शेयर बाजारों में 29 जुलाई को जबर्दस्त तेजी दिखी। निफ्टी और सेंसेक्स मजूबत खुले। फिर अच्छी खरीदारी से दोनों में तेजी दिखी। 12:30 बजे निफ्टी 0.98 फीसदी यानी 235 अंक चढ़कर 24,221 पर चल रहा था। सेंसेक्स 1.06 फीसदी यानी 810 अंक के उछाल के साथ 77,579 पर था। बैंक निफ्टी में भी 0.80 फीसदी तेजी दिखी। हालांकि, बीते एक साल में भारतीय बाजारों का रिटर्न निगेटिव है।