Stock in Focus: टाटा ग्रुप की दिग्गज NBFC (नॉन-बैंकिंग फाइनेंशियल कंपनी) टाटा कैपिटल को बड़ा झटका लगा है। कंपनी को वित्त वर्ष 2017-18 को लेकर इनकम टैक्स रीएसेसमेंट ऑर्डर मिला है। इनकम टैक्स डिपार्टमेंट की साइट पर यह आदेश 20 मार्च 2026 को जारी किया गया था और कंपनी ने इसे 21 मार्च 2026 को डाउनलोड किया। यह रीएसेसमेंट मुंबई के इनकम टैक्स डिप्टी कमिश्नर ने जारी किया है और यह टाटा कैपिटल फाइनेंशियल सर्विसेज लिमिटेड (TCFSL) से जुड़ा है, जिसका 1 अप्रैल 2023 से टाटा कैपिटल लिमिटेड में विलय हो चुका है। अब इसका असर स्टॉक मार्केट खुलने पर टाटा कैपिटल के शेयरों पर असर दिख सकता है जो शुक्रवार को 1.39% की बढ़त के साथ ₹317.25 (Tata Capital Share Price) पर बंद हुआ था।
Tata Capital को ₹413 करोड़ का झटका
टाटा कैपिटल को ₹413.18 करोड़ का डिमांड नोटिस मिला है जिसमें से ₹202.72 करोड़ का ब्याज शामिल है। कंपनी को यह झटका कम टैक्स चुकाने, लगाए गए ब्याज और कुछ डिसअलाउंसेज के चलते लगा है। जानकारी के मुताबिक टाटा कैपिटल फाइनेंशियल सर्विसेज ने ₹225.89 करोड़ का टैक्स चुकाया जैसा कि आईटीआर में है लेकिन जब एसेसिंग ऑफिसर ने टैक्स देनदारी का कैलकुलेशन किया तो जिसमें उन्होंने ₹209.52 करोड़ के कम टैक्स पेमेंट की बात कही।
हालांकि 29 सितंबर 2021 को जो ओरिजिनल एसेसमेंट ऑर्डर जारी हुआ था, उसमें टाटा कैपिटल फाइनेंशियल सर्विसेज को ₹224 करोड़ का टैक्स क्रेडिट की मंजूरी दी गई थी। हालांकि जब इसका फिर से एसेसमेंट किया गया था तो ₹202.72 करोड़ का भारी-भरकम ब्याज लगाया गया जोकि कुल मांग का हिस्सा है।
इसे लेकर कंपनी का कहना है कि यह डिमांड उचित नहीं है और इसमें सुधार के लिए कंपनी अपील करेगी। इसके अलावा वित्त वर्ष 2017-18 के लिए ₹26.31 करोड़ के टैक्स असर वाले कुछ डिसअलाउंस को इनकम टैक्स कमिश्नर (अपील्स) के सामने चुनौती देने जा रही है। कंपनी को अपने पक्ष में फैसला आने की उम्मीद है।
अब तक कैसी रही शेयरों की चाल?
टाटा कैपिटल के शेयरों ने इस साल निवेशकों को तगड़ा शॉक दिया। इसके शेयर पिछले साल 13 अक्टूबर 2025 को घरेलू स्टॉक मार्केट में लिस्ट हुए थे। इसके ₹15,512 करोड़ के आईपीओ के तहत निवेशकों को ₹326 के भाव पर शेयर जारी हुए थे। लिस्टिंग के दिन महज 1% से थोड़े अधिक प्रीमियम पर इसकी एंट्री हुई थी और कुछ महीने बाद यह 20 जनवरी 2026 को बीएसई पर ₹367.65 के भाव पर था जो इसके शेयरों के लिए रिकॉर्ड हाई लेवल है। इस हाई लेवल से करीब दो ही महीने में यह 17.41% टूटकर 16 मार्च 2026 को ₹303.65 के भाव पर आ गया जो इसके शेयरों के लिए रिकॉर्ड निचले स्तर पर आ गया था जोकि आईपीओ प्राइस से 6.86% डाउनसाइड है।
डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।