Stock Market Today : बाजार पर आज इन खबरों का दिखेगा असर, कोई ट्रेड लेने से पहले इन पर डाल लें एक नजर
Market Today : एशियाई मुद्राएं अमेरिकी डॉलर के मुकाबले मिला-जुला प्रदर्शन दिखा रही हैं। इंडोनेशियाई रुपया काफी हद तक सपाट है। सुबह 8.20 बजे के आसपास GIFT Nifty 107.50 अंक यानी 0.45 फीसदी की बढ़त के साथ 24,258.00 के आसपास कारोबार कर रहा था। ये सेंसेक्स-निफ्टी के लिए अच्छा संकेत है
Stock market news : लगातार दूसरे हफ़्ते गिरावट के बाद सोने की कीमतें स्थिर दिख रही हैं। ट्रेडर अमेरिका-ईरान समझौते की दिशा में हो रही प्रगति और राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की होर्मुज़ जलडमरूमध्य से कुछ जहाज़ों को गुज़ारने की योजना पर नज़र रखे हुए हैं
Market news : भारतीय इक्विटी बेंचमार्क,BSE सेंसेक्स और Nifty 50, 4 मई को मामूली बढ़त के साथ खुल सकते हैं। इसका संकेत GIFT Nifty से मिलता रहा है,जो लगभग 24,243 के स्तर पर बढ़त के साथ ट्रेड कर रहा है। यहां हम आपके लिए तमाम समाचार प्लेटफॉर्मों पर चल रही आज की ऐसी अहम खबरों की एक सूची जारी कर रहें हैं जो भारतीय और अंतर्राष्ट्रीय बाजारों को प्रभावित कर सकते हैं।
मार्केट ओवरव्यू
पिछले कारोबारी सत्र में आई ज़बरदस्त तेज़ी के बाद,30 अप्रैल को भारतीय शेयर बाज़ार दबाव में रहे। इसकी वजह बढ़ती भू-राजनीतिक तनाव और ब्रेंट क्रूड की कीमतों में तेजी रही। बाजार बंद होने पर,सेंसेक्स 582.86 अंक या 0.75 प्रतिशत गिरकर 76,913.50 पर और निफ्टी 180.1 अंक या 0.74 प्रतिशत गिरकर 23,997.55 पर बंद हुआ।
गिफ्ट निफ्टी
सुबह 8.20 बजे के आसपास GIFT Nifty 107.50 अंक यानी 0.45 फीसदी की बढ़त के साथ 24,258.00 के आसपास कारोबार कर रहा था। ये सेंसेक्स-निफ्टी के लिए अच्छा संकेत है।
एशियाई बाजार
एशियाई बाजार तेजी के साथ कारोबार कर रहे हैं। 107.50 अंक यानी 0.45 फीसदी की बढ़त के साथ 24,258.00 के आसपास कारोबार कर रहा है। वहीं,जापान के निक्केई में 0.38 फीसदी की तेजी देखने को मिल रही है। स्ट्रेट टाइम्स में भी 0.72 फीसदी की बढ़त दिख रही है। हैंग सेंग में भी 1.84 फीसदी की तेजी है। वहीं,ताइवानी बाजार में 4.10 फीसदी की बढ़त दिख रही है। कोस्पी में 4.27 फीसदी की तेजी है। शांघाई कंपोजिट में भी 0.11 फीसदी की तेजी नजर आ रही है।
अमेरिकी बाजार
शुक्रवार को S&P 500 और Nasdaq रिकॉर्ड ऊंचाई पर बंद हुए। मज़बूत नतीजों और कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट से इन्हें बढ़ावा मिला। इसके चलते इन्होंने कई सालों में अपनी सबसे बड़ी मासिक प्रतिशत बढ़त दर्ज की।
डाओ जोन्स 152.87 अंक या 0.31% गिरकर 49,499.27 पर आ गया। S&P 500 इंडेक्स 21.11 अंक या 0.29% बढ़कर 7,230.12 पर पहुंच गया और नैस्डैक 222.13 अंक या 0.89% बढ़कर 25,114.44 पर बंद हुआ था।
छह मुद्राओं के एक बॉस्केट के मुकाबले डॉलर की मजबूती को मापने वाला U.S.डॉलर इंडेक्स सोमवार को शुरुआती कारोबार में 98.144 पर सपाट दिख रहा था। फिलहाल US डॉलर इंडेक्स 98.16 पर दिख रहा है।
US बॉन्ड यील्ड
10-ईयर ट्रेजरी पर यील्ड 4.36% पर सपाट है, जबकि 2-ईयर ट्रेजरी पर यील्ड लगभग 1 बेसिस प्वाइंट बढ़कर 3.87% पर आ गई है।
एशियाई करेंसीज
एशियाई मुद्राएं अमेरिकी डॉलर के मुकाबले मिला-जुला प्रदर्शन दिखा रही हैं। इंडोनेशियाई रुपया काफी हद तक सपाट है और इसमें 0.052% की मामूली बढ़त दर्ज की गई है। जबकि जापानी येन भी 0.013% ऊपर चढ़ा है। चीनी रेनमिनबी और मलेशियाई रिंगिट ने क्रमशः 0.157% और 0.296% की बढ़त दिखाई है। फिलीपींस पेसो सबसे ज़्यादा लाभ कमाने वाली मुद्रा के रूप में उभरा है, जिसमें 0.233% की मज़बूती आई है।
दूसरी ओर कुछ मुद्राओं पर हल्का दबाव देखने को मिल रहा है। थाई बहत में 0.385% की गिरावट आई,जिससे यह इस सत्र में लिस्टेड मुद्राओं में सबसे कमज़ोर मुद्रा बन गई है। सिंगापुर डॉलर और दक्षिण कोरियाई वॉन में भी क्रमशः 0.031% और 0.003% की मामूली गिरावट दर्ज की गई है।
कच्चे तेल की चाल
सोमवार को तेल की कीमतों में नरमी आई है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि अमेरिका होर्मुज जलडमरूमध्य में फंसे जहाजों को मुक्त कराने का प्रयास शुरू करेगा। हालांकि,अमेरिका और ईरान के बीच शांति समझौते न हो पाने के कारण कीमतें $100 के स्तर से ऊपर बनी हुई हैं। WTI क्रूड में 0.63 फीसदी और ब्रेंट क्रूड में 0.48 फीसदी की नरमी है।
सोने-चांदी की चाल पर एक नजर
लगातार दूसरे हफ़्ते गिरावट के बाद सोने की कीमतें स्थिर दिख रही हैं। ट्रेडर अमेरिका-ईरान समझौते की दिशा में हो रही प्रगति और राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की होर्मुज़ जलडमरूमध्य से कुछ जहाज़ों को गुज़ारने की योजना पर नज़र रखे हुए हैं। कोमेक्स पर गोल्ड में 0.31 फीसदी की तेजी है। वहीं, सिल्वर में 0.26 फीसदी की कमजोरी आई है।
FII और DII फंड फ्लो
विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) ने 30 अप्रैल को लगातार नौवें सत्र में अपनी बिकवाली जारी रखी और ₹8,000 करोड़ से ज़्यादा के शेयर बेच दिए। इसके विपरीत,घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs) ने लगातार छठे सत्र में अपनी खरीदारी बनाए रखी और इक्विटी बाज़ार में ₹3,487 करोड़ का निवेश किया।