Tata Group Stocks: टाटा संस के चेयरमैन की पुनर्नियुक्ति पर मचे घमासान से बाजार नाखुश दिख रहा है। आज के कारोबारी सत्र में टाटा ग्रुप के शेयरों में तेज गिरावट देखने को मिल रही है। TCS और टाटा मोटर्स PV करीब 3 फीसदी गिरे हैं। टाटा केमिकल पर 8 फीसदी की तगड़ी मार पड़ी है। इस ग्रुप के दूसरे शेयरों पर भी अच्छा खासा दबाव देखने को मिल रहा है। एन चंद्रशेखरन की फिर नियुक्ति पर नोएल टाटा ने आपत्ति जताते हुए कहा है कि उनकी नियुक्ति के लिए बोर्ड की मंजूरी गैरकानूनी है
दरअसल एन चंद्रशेखरन के फिर चेयरमैन बनने के बाद बाजार को बोर्ड रूम बैटल तेज होने की आशंका है। बता दें कि एन चंद्रा फिर से टाटा ग्रुप के चेयरमैन बनेंगे। एन चंद्रा की दोबारा नियुक्ति को मंजूरी मिल गई है। इनको फिर से 5 साल के लिए एग्जीक्यूटिव चेयरमैन नियुक्त किया गया है। टाटा के बोर्ड ने बहुमत से यह प्रस्ताव पारित किया है। एन चंद्रशेखरन ने कहा है कि RBI नियमों के पालन के लिए भी कदम उठाए जाएंगे। इस पर RBI,टाटा ट्रस्ट और अन्य स्टेकहोल्डर्स से गाइडेंस लिया जाएगा।
एन चंद्रशेखरन के दोबारा आवेदन ना करने का फैसला स्वीकार किया है। एन चंद्रशेखरन का मौजूदा कार्यकाल 20 फरवरी 2027 को खत्म होगा। यह फैसला स्वतंत्र और बिना समीक्षा के लिया गया। नोएल टाटा ने बोर्ड बैठक में ट्रस्ट का रुख दोहराया। इस नियुक्ति के लिए अधिकांश नॉमिनी डायरेक्टर्स का समर्थन जरूरी है। दोनों नॉमिनी डायरेक्टर्स की मौजूदगी जरूरी है। दोनों के समर्थन के बिना प्रस्ताव पास नहीं हो सकता। नोएल टाटा के विरोध से प्रस्ताव को कानूनी तौर पर अमान्य बताया गया है।
नोएल टाटा ने कहा "मैंने एन चंद्रशेखरन की चेयरमैन की नियुक्ति के खिलाफ वोट दिया। मेरे वीटो को कानूनी राय के आधार पर गलत तरीके से खारिज किया गया। यह फैसला गैरकानूनी है। मैंने अपना विरोध आधिकारिक तौर पर दर्ज कराया है।"
टीसीएस में टाटा संस की हिस्सेदारी 71.74%, टाटा पावर में 45.21%, टाटा मोटर्स में 40.14%, टाटा केमिकल्स में 31.90%, ट्रेंट में 32.45%, इंडियन होटल्स में 35.66%, टाटा कंज्यूमर में 28.68%, टाटा स्टील में 31.76%, वोल्टास में 26.64% और टाइटन में 20.84% है।
गौरतलब है कि चंद्रशेखरन और नोएल टाटा की अगुवाई वाले टाटा ट्रस्ट(जिसके पास होल्डिंग कंपनी की 66% हिस्सेदारी है)के बीच कई मुद्दों पर टकराव है। इन मुद्दों में टाटा संस की संभावित लिस्टिंग,एयर इंडिया का बढ़ता घाटा और एक माइनॉरिटी शेयरहोल्डर का कंपनी से बाहर निकलने का प्लान शामिल है।
टाटा ग्रुप एयर इंडिया के बढ़ते नुकसान और जगुआर लैंड रोवर में भारी गिरावट से जूझ रहा है। ऐसे में 63 साल के चेयरमैन की दोबारा नियुक्ति से निवेशकों का भरोसा लौटने की उम्मीद है। इसी के चलते गुरुवार को टाटा ग्रुप की कंपनियों के शेयरों में तेज़ी आई थी। लेकिन टाटा ग्रुप के बोर्ड रूम बैटल के गंभीर होने को साथ ही आज टाटा ग्रुप के शेयरों में दबाव देखने को मिल रहा है।