Textile stocks: भारतीय टेक्सटाइल कंपनियों के शेयरों में आज 24 फरवरी को भारी गिरावट देखने को मिली। गोकलदास एक्सपोर्ट्स, वर्धमान टेक्सटाइल और अरविंद लिमिटेड समेत कई कंपनियों के शेयर 6% तक टूट गए। यह गिरावट इस खबर के बाद आई कि सरकार ने एक्सपोर्ट इनसेंटिव स्कीम, RoDTEP के तहत मिलने वाले ड्यूटी लाभ को आधा करने का फैसला किया है। इस खबर के बाद निवेशकों ने बाजार खुलते ही इन शेयरों में बिकवाली शुरू कर दी।
किन शेयरों में कितनी गिरावट?
सुबह 10 बजे के करीब, वर्धमान टेक्सटाइल्स का शेयर 6.2% गिरा हुआ था। अरविंद में 5.8% की गिरावट दर्ज की गई, जबकि गोकलदास एक्सपोर्ट्स के शेयर 5.5% नीचे कारोबार कर रहे था। इसके अलावा इंडो काउंट इंडस्ट्रीज, वेलस्पन लिविंग और किटेक्स गारमेंट्स के शेयरों में भी 2.5% से 3% तक की कमजोरी देखी गई।
सरकार ने साल 2021 में रिमिशन ऑफ ड्यूटीज एंड टैक्सेज ऑन एक्सपोर्टेड प्रोडक्ट्स (RoDTEP) योजना को शुरू किया था। इस योजना के तहत निर्यातकों को उन टैक्स और ड्यूटी का रिफंड मिलता है, जो उत्पादन और वितरण प्रक्रिया में लगते हैं और जिन्हें केंद्र, राज्य या स्थानीय स्तर पर किसी अन्य सरकारी व्यवस्था के तहत वापस नहीं किया जाता।
इस योजना के तहत रिफंड दरें 0.3% से 3.9% के बीच होती हैं।
डायरेक्टोरेट जनरल ऑफ फॉरेन ट्रेड (DGFT) ने नोटिफिकेशन जारी कर कहा है कि RoDTEP के लाभ अब तुरंत प्रभाव से नोटिफाइड रेट और वैल्यू कैप का केवल 50% ही मिलेगा। यानी अब एक्सपोर्टरों को पहले की तुलना में आधा प्रोत्साहन मिलेगा।
एक्सपोर्टरों का क्या है कहना?
फेडरेशन ऑफ इंडियन एक्सपोर्ट ऑर्गनाइजेशन्स (FIEO) के चेयरमैन एस. सी. रल्हान ने इस कदम पर चिंता जताई है। उनका कहना है कि भारतीय एक्सपोर्ट पहले ही ग्लोबल सुस्ती, अनिश्चितता और बढ़ते संरक्षणवाद जैसी चुनौतियों का सामना कर रहे हैं। ऐसे समय में प्रोत्साहन में कटौती से कॉम्पिटिटीव बढ़त प्रभावित हो सकती है। उन्होंने सरकार से इस फैसले पर दोबारा विचार करने का अनुरोध किया है।
सरकारी आंकड़ों के अनुसार जनवरी में देश का एक्सपोर्ट 0.61% बढ़कर 36.56 अरब डॉलर रहा, लेकिन व्यापार घाटा बढ़कर 34.68 अरब डॉलर पर पहुंच गया, जो तीन महीने का उच्च स्तर है।
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