अमेरिकी शेयर बाजारों में 22 अप्रैल को जोरदार तेजी दिखी। इसकी वजह अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का ईरान के साथ सीजफायर की अवधि बढ़ाने का ऐलान है। कंपनियों के अच्छे वित्तीय नतीजों से भी बाजार को सपोर्ट मिला। शुरुआती कारोबार में एसएंडपी 500 में 0.7 फीसदी, नैस्डेक कंपोजिट में 0.8 फीसदी और डाओ जोंस इंडस्ट्रियल एवरेज में 0.8 फीसदी की तेजी दिखी।
ईरान से सीजफायर के ऐलान से जोश में अमेरिकी बाजार
ट्रंप ने ईरान के साथ सीजफायर तब तक बढ़ा दिया है, जब तक उसके साथ डील नहीं हो जाती। दो हफ्ते के सीजफायर की अवधि 22 अप्रैल को खत्म हो रही थी। अमेरिकी राष्ट्रपति ने इस बारे में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रूथ सोशल पर एक पोस्ट किया। इसमें उन्होंने कहा, "ईरान में सरकार के बीच काफी मतभेद है। हालांकि, ऐसा अप्रत्याशित नहीं है। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ और फील्ड मार्शल असीम मुनीर के अनुरोध पर सीजफायर बढ़ाया है। दोनों ने तब तक ईरान पर हमले रोकने का अनुरोध किया था जब तक ईरान के लीडर्स और प्रतिनिधि डील का प्रस्ताव लेकर नहीं आते हैं। "
पहली तिमाही के बेहतर नतीजों से भी बाजार को सपोर्ट
सीजफायर बढ़ाने के ट्रंप के ऐलान के साथ ही अमेरिकी शेयर बाजारों को कंपनियों के बेहतर नतीजों से सपोर्ट मिला है। 22 अप्रैल को बोइंग ने पहली तिमाही के नतीजों का ऐलान किया। इसका लॉस अनुमान से कम रहा। इससे कंपनी के शेयरों में 4 फीसदी से ज्यादा उछाल दिखा। जीई वेरनोवा के शेयर पहली तिमाही में उम्मीद से ज्यादा रेवेन्यू की वजह 10 फीसदी तक चढ़ गए। एसएंडपी 500 की 80 फीसदी कंपनियों ने पहली तिमाही के नतीजों का ऐलान कर दिया है। ये नतीजे उम्मीद से बेहतर रहे हैं।
शाम के कारोबार में गिफ्ट निफ्टी में हल्की कमजोरी
इधर, इंडिया में 22 अप्रैल की शाम गिफ्ट निफ्टी में हल्की कमजोरी दिखी। इसकी वजह क्रूड की कीमतों में उछाल हो सकता है। 22 अप्रैल को भारतीय समय के मुताबिक शाम 7:30 बजे ब्रेंट क्रूड 2 फीसदी से ज्यादा उछाल के साथ 100 डॉलर प्रति बैरल को पार कर गया। डब्ल्यूटीआई क्रूड भी 91 डॉलर प्रति बैरल के पार चल रहा था। सोने में 0.64 फीसदी और चांदी में 2 फीसदी की तेजी थी। एक्सपर्ट्स का कहना है कि गिफ्ट निफ्टी की चाल अगले कुछ घंटों में बदल सकती है।
23 अप्रैल को भारतीय बाजारों में लौट सकती है तेजी
अगर गिफ्टी निफ्टी हरे निशान में आ जाता है तो यह भारतीय बाजार के लिए पॉजिटिव होगा। इससे 23 अप्रैल को भारतीय बाजारों में मजबूती दिख सकती है। अमेरिकी बाजारों की क्लोजिंग पॉजिटिव रहने पर 23 अप्रैल को भारत सहित एशियाई बाजारों में 23 अप्रैल को तेजी देखने को मिल सकती है। 22 अप्रैल को भारतीय बाजारों में तीन सत्रों की तेजी पर ब्रेक लग गया। बाजार के प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स और निफ्टी में 0.8 से 0.9 फीसदी की कमजोरी दिखी।