SCO Summit 2022: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) और रूस (Russia) के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन (Vladimir Putin) ने शुक्रवार को शंघाई सहयोग संगठन (SCO) के वार्षिक शिखर सम्मेलन से अलग बातचीत की। इस दौरान मोदी ने पुतिन से कहा कि अब युद्ध का समय नहीं है। वर्तमान में दुनिया की प्रमुख चिंताएं भोजन, फर्टिलाइजर्स और फ्यूल सिक्योरिटी हैं।
इस साल फरवरी में यूक्रेन में युद्ध शुरू होने के बाद दोनों नेताओं के बीच यह पहली मुलाकात है। मोदी ने पुतिन से कहा कि लोकतंत्र, कूटनीति और बातचीत दुनिया को एक साथ जोड़कर रखते हैं। मोदी ने पुतिन से कहा, "मैं जानता हूं कि आज का युग युद्ध का युग नहीं है और मैंने आपसे इस बारे में फोन पर बात भी की है।"
पुतिन ने कहा कि वह यूक्रेन युद्ध को लेकर मोदी की चिंताओं को समझते हैं। उन्होंने कहा, "मैं यूक्रेन में संघर्ष पर आपकी स्थिति और आपकी चिंताओं के बारे में जानता हूं। हम चाहते हैं कि यह सब जल्द से जल्द खत्म हो।"
ऐसा समझा जाता है कि दोनों नेताओं ने इसके अलावा, द्विपक्षीय, क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर चर्चा की। भारत ने यूक्रेन पर आक्रमण के लिए अब तक रूस की आलोचना नहीं की है। भारत बातचीत के जरिए संकट के समाधान पर जोर दे रहा है।
वहीं पुतिन ने शिखर सम्मेलन में चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग से भी मुलाकात की थी। इस बातचीत में उन्होंने युद्ध के बारे में बीजिंग की चिंताओं को भी माना है।
मोदी और पुतिन ने शंघाई सहयोग संगठन (SCO) की बैठक से अलग बात की। इसके स्थायी सदस्यों में भारत के अलावा चीन, रूस, पाकिस्तान, कजाकिस्तान, किर्गिस्तान, ताजिकिस्तान और उज्बेकिस्तान शामिल हैं।
पुतिन ने कहा, "हमारा व्यापार बढ़ रहा है। भारतीय बाजारों में रूसे फर्टिलाइजर की आपकी एडिशनल सप्लाई के कारण, जो आठ गुना से अधिक बढ़ गया है। मुझे उम्मीद है कि यह भारत के कृषि क्षेत्र की बड़ी मदद करने वाला है।”