रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन (Vladimir Putin) ने सोमवार 26 अगस्त को अमेरिकी के पूर्व इंटेलीजेंस कॉन्ट्रैक्टर एडवर्ड स्नोडेन (Edward Snowden) को रूसी नागरिकता प्रदान की। एडवर्ड स्नोडन पहली बार आज से करीब 9 साल पहले सुर्खियों में आए थे, जब उन्होंने डॉक्यूमेंट्स लीक कर अमेरिकी की नेशनल सिक्योरिटी एजेंसी (NSA) के कई खुफिया सर्विलांस ऑपरेशंस का खुलासा कर दिया था।
स्नोडेन ने बताया कि अमेरिकी खुफिया एजेंसी देश और विदेशों में लोगों की निगरानी के कई कार्यक्रम चलाती हैं। स्नोडेन के खुलासों पर उस समय दुनिया भर में काफी विवाद हुआ था और अमेरिका की सरकार पर ऊंगली उठाए गए थे। इसके बाद साल 2013 में अमेरिकी अथॉरिटीज ने स्नोडेन के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर सरकारी संपत्ति की जासूसी और चोरी के आरोप लगाए।
केस दर्ज होने के बाद 39 वर्षीय एडवर्ड स्नोडन गिरफ्तारी से बचने के लिए अमेरिका छोड़कर भाग गए और 2013 में उन्होंने रूस में शरण ली। तब से वह रूस में ही रह रहे हैं। अमेरिकी अधिकारी सालों से स्नोडन को अमेरिका वापस लाने की कोशिश में लगे थे, जिससे उनके ऊपर जासूसी के आरोपों में आपराधिक मुकदमा चलाया जा सके।
पुतिन के हस्ताक्षर वाले एक आदेश के जरिए रूस ने सोमवार को 75 विदेशी नागरिकों को रूस की नागरिकता दी, जिसमें एक नाम एडवर्ड स्नोडन का शामिल है। इससे पहले साल 2020 में स्नोडेन को रूस ने स्थायी निवास प्रदान किया था। उस समय स्नोडेन ने कहा था कि उन्होंने अपनी अमेरिकी नागरिकता को छोड़े बिना रूसी नागरिकता के लिए आवेदन करने की योजना बनाई है।
कभी रूस की खुफिया एजेंसी में जासूस रहे राष्ट्रपति पुतिन ने साल 2017 में स्नोडन को लेकर दिए एक बयान में कहा था कि स्नोडेन का अमेरिकी की खुफिया जानकारियों को लीक करना गलता था, लेकिन वह देशद्रोही नहीं है। बता दें कि स्नोडन रूस में काफी लो प्रोफाइल जीवन जीते हैं और उनके लोकेशंस के बारे में दुनिया को जानकारी नहीं है।