हैवीवेट बैंकिंग और वित्तीय सेवा पैक एक बार फिर निफ्टी 50 बेंचमार्क में तेजी ला रहे हैं। इस बार विदेशी संस्थागत निवेशक (foreign institutional investors (FIIs) पिछले 10 महीनों में भारतीय शेयरों की लगातार बिकवाली के बाद पैसा लगा रहे हैं। बुल्स के दिमाग में अब सवाल यह है कि क्या हेडलाइन इंडेक्स अब अक्टूबर 2021 के अपने सर्वकालिक उच्च स्तर को पाने के लिए वापस तैयार है?
वह ऐसे समय में जब दलाल स्ट्रीट के बिग बुल पीएसयू बैंकिंग स्पेस में निवेश कर रहे हैं। दिग्गज निवेशक राकेश झुनझुनवाला सोमवार को CNBC-TV18 के साथ एक विशेष बातचीत में कहा कि वे सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों को लेकर उत्साहित हैं।
उदाहरण के लिए तीन बैंकिंग शेयरों ने निवेशकों को केवल एक महीने में 33 प्रतिशत तक रिटर्न हासिल करने में मदद की है। उनमें आईडीबीआई बैंक (32.5 प्रतिशत), यस बैंक (31.6) और इंडसइंड (25.8 प्रतिशत) ने निवेशकों को अच्छा रिटर्न दिया है।
इनमें से इंडसइंड निफ्टी बैंक का हिस्सा है। ये एसबीआई (SBI), एचडीएफसी बैंक (HDFC Bank), कोटक महिंद्रा बैंक (Kotak Mahindra Bank), आईसीआईसीआई बैंक (ICICI Bank) और एक्सिस बैंक (Axis Bank) सहित देश के 10 प्रमुख बैंकों के परफॉर्मेंस को ट्रैक करता है।
पिछले कुछ हफ्तों में बैंकिंग इंडेक्स ने 50-स्क्रिप बेंचमार्क से थोड़ा बेहतर परफॉर्म किया है। यह ऐसे समय में नजर आया है जब बाजार निरंतर विदेशी फंड के निवेश पर आशावादी बना हुआ है। भारतीय बाजार में अक्टूबर 2021 में समाप्त 18 महीने की लंबी रैली के पीछे एक विदेशी फंडों का निवेश की अहम भूमिका रही है।
हालांकि एक्सपर्ट्स इस बात को लेकर बंटे हुए हैं कि क्या विदेशी निवेशकों की खरीदारी अभी बनी रहेगी और आगे चलकर फाइनेंशियल सेक्टर में बढ़त हासिल होगी।
बाजार एक्सपर्ट अजय बग्गा ने बैंकिंग स्पेस में हाई रिस्क के बारे में चेताया है। उन्होंने कहा कि यदि अमेरिका में इन्फ्लेशन उच्च स्तर पर बना रहा तो फेड 2023 की शुरुआत में प्रमुख ब्याज दरों में बढ़ोतरी के अपने मौजूदा साइकल को समाप्त कर देगा।
इसके अलावा भारत के शेयर बाजार डॉलर इंडेक्स में गिरावट के कारण उच्च एफआईआई निवेश के साथ लाभान्वित हो रहे हैं। हालांकि पिछले एक साल में एफआईआई द्वारा भारी मात्रा में बैंकों के शेयरों को बेचा गया था।
उन्होंने CNBCTV18.com से बातचीत में कहा "बेयरिश मार्केट के दौरान रैली और सुधार बहुत मजबूत रहे हैं। यह उनमें से एक हो सकता है और बाजार वास्तव में फिर से नीचे की ओर बढ़ सकता है।"
Geojit Financial के वीके विजयकुमार ने कहा कि अब जब एफआईआई खरीदार बन गए हैं और हालिया डेटा अर्थव्यवस्था में लोन वृद्धि में एक स्मार्ट पिकअप का संकेत दे रहे हैं। इससे विशेष रूप से उच्च गुणवत्ता वाले बैंक बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं। यह बैंक निफ्टी के लिए अच्छा संकेत है।"
(डिस्क्लेमरः Moneycontrol.com पर दिए जाने वाले विचार और निवेश सलाह निवेश विशेषज्ञों के अपने निजी विचार और राय होते हैं। Moneycontrol यूजर्स को सलाह देता है कि वह कोई निवेश निर्णय लेने के पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट से सलाह लें। )