Bank Strike Today: आज 28 अगस्त 2024 को बैंक कर्मचारियों की स्ट्राइक है। अगर आप भी बैंक ब्रांच जाकर बैंकिग का काम निपटाने की सोच रहे हैं, तो आपका जाना बेकार हो सकता है। बैंक हड़ताल के कारण कई ब्रांच में कर्मचारी काम नहीं करते या स्टाफ कम होता है जिसके कारण बैंकों में ग्राहकों की लंबी लाइन लग जाती है। आज अखिल भारतीय बैंक कर्मचारी संघ (AIBEA) के पूरे देश में हड़ताल के कारण बैंकिंग सर्विस और ट्रांजेक्शन पर असर दिखेगा।
यह हड़ताल बैंक ऑफ इंडिया द्वारा 13 स्टाफ यूनियन अधिकारियों को चार्जशीट जारी करने के खिलाफ विरोध के रूप में की जा रही है। AIBEA के महासचिव सी एच वेंकटचलम ने इस बारे में जानकारी दी और संघ की मांगों के बारे में जानकारी भी दी। उन्होंने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में लिखा कि AIBEA ने 28 अगस्त 2024 को ट्रेड यूनियन पर राजनीतिक हमले के खिलाफ हड़ताल का ऐलान किया है। इस हड़ताल में AIBOC, NCBE, BEFI, AIBOA, INBOC, INBEF एसोसिएशन ने शामिल होने का ऐलान किया है।
कौन शामिल हो रहा है हड़ताल में?
इस हड़ताल में लगभग पांच अन्य बैंक यूनियनों के सदस्य भी शामिल हो रहे हैं, जिनमें यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस, ऑल इंडिया बैंक ऑफिसर्स कॉन्फेडरेशन, नेशनल कॉन्फेडरेशन ऑफ बैंक एम्प्लॉयीज़, बैंक एम्प्लॉयीज़ फेडरेशन ऑफ इंडिया और ऑल इंडिया बैंक ऑफिसर्स एसोसिएशन शामिल हैं।
अब तक बैंक हड़ताल को लेकर सी.एच. वेंकटचलम की कोई आधिकारिक जानकारी नहीं आई है। साथ ही RBI की तरफ से भी कुछ नहीं कहा गया है कि बैंक बंद होंगे या नहीं। ग्राहकों को सलाह दी जाती है कि वे एसबीआई, आईसीआईसीआई, एचडीएफसी और अन्य बैंकों की अपनी नजदीकी शाखाओं में जाने से पहले फोन करके जान लें कि बैंक ब्रांच में काम हो रहा है या नहीं।
हड़ताल का उद्देश्य क्या है?
AIBEA ने यह हड़ताल बैंक ऑफ इंडिया द्वारा 23वीं द्विवार्षिक सम्मेलन में भाग लेने के लिए केरल बैंक स्टाफ यूनियन के 13 अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई के विरोध में बुलाई है। AIBEA ने अपने बयान में इस हड़ताल को संघ के खिलाफ राजनीतिक हस्तक्षेप और हमले के रूप में बताया है और इसे यूनियन नेताओं के खिलाफ की गई दंडात्मक कार्रवाई का विरोध बताया है। अन्य बैंक यूनियनों ने भी इस हड़ताल का समर्थन किया है, इसे संगठित श्रमिकों को कमजोर करने का प्रयास बताया है।