इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया (आईसीएआई) ने फाइनेंस मिनिस्ट्री को यूनियन बजट को लेकर एक खास सलाह दी है। उसने पति-पत्नी को ज्वाइंट रिटर्न फाइल का ऑप्शन देने की सलाह दी है। अभी पति और पत्नी को अलग-अलग इनकम टैक्स रिटर्न फाइल करना पड़ता है। इनकम टैक्स की नई रीजीम में पति और पत्नी में से दोनों 4 लाख रुपये के बेसिक टैक्स एग्जेम्प्शन के हकदार होते हैं। नई रीजीम में दोनों में से प्रत्येक 2.5 लाख रुपये के बेसिक एग्जेम्प्शन के हकदार होते हैं।
