Gold Loan vs Personal Loan: महंगाई के कारण देश में ब्याज दरें लगातार बढ़ रही है, जिसके कारण लोन लेने वाले लोग ऐसे कर्ज के विकल्प तलाश रहे हैं जिसमें ब्याज कम हो। ऐसा ही एक ऑप्शन गोल्ड लोन है, जो आपके पर्सनल लोन के मुकाबले सस्ता होता है। भारत अपनी मांग को पूरा करने के लिए विदेशों से करीब 706 टन सोना लेता है। यहां आपको बता रहे हैं कि गोल्ड लोन आपके पर्सनल लोन से सस्ता है। जानिए कैसे..
गोल्ड लोन में आपका सोना गिरवी रखा जाता है और इसके एवज में आपको लोन मिलता है। गोल्ड लोन पर आपको ब्याज चुकाना होता है लेकिन ये आपके पर्सनल लोन की तुलना में कम होता है।
इंटरेस्ट रेट : खराब क्रेडिट प्रोफाइल का असर गोल्ड लोन के ब्याज पर नहीं पड़ता। गोल्ड लोन पर ब्याज दरें आपके पर्सनल लोन के ऑप्शन की तुलना में कम होती है। हालांकि, आपकी क्रेडिट रेटिंग का कोई भी फर्क गोल्ड लोन की दर पर नहीं होगा लेकिन पर्सनल लोन पर आपकी रेटिंग का असर जरूर पढ़ सकता है।
लोन अमाउंट: गोल्ड लोन में मिलने वाला पैसा इस बात पर निर्भर करता है कि आपने कितना गोल्ड जमा किया है। पर्सनल लोन पर मिलने वाला अमाउंट आपके क्रेडिट स्कोर पर निर्भर करता है।
लोन मिलने में लगने वाला समय: गोल्ड लोन मिलने में कम समय लगता है। गोल्ड लोन एप्लिकेशन देने के कुछ ही घंटों में मिल जाता है। पर्सनल लोन में 5 से 7 दिन का समय लगता है।
प्रोसेसिंग फीस: गोल्ड लोन पर 2 फीसदी तक प्रोसेसिंग फीस लगती है। पर्सनल लोन पर 1 प्रतिशत से 3 प्रतिशत के बीच प्रोसेसिंग फीस लगती है।
रिपेमेंट का समय: पर्सनल लोन को चुकाने के लिए लंबा समय मिलता है लेकिन गोल्ड लोन में ऐसा नहीं होता है। गोल्ड लोन को चुकाने के लिए अधिकतम 3 साल का समय मिलता है। वहीं, पर्सनल लोन को चुकाने के लिए 7 साल का समय मिलता है।