क्या 500 के क्रेडिट स्कोर पर भी मिल जाएगा होम लोन, कितनी रहेगी ब्याज दर?
Low Credit Score: बैंक किसी भी लोन एप्लिकेशन पर गौर करते समय सबसे अधिक तवज्जो क्रेडिट स्कोर पर देते हैं। ऐसे में अगर क्रेडिट स्कोर 500 के आसपास है, तो होम लोन मिलने में समस्या हो सकती है। जानिए 500 के क्रेडिट स्कोर पर होम लोन मिलेगा या नहीं। अगर मिलेगा, तो ब्याज दर कितनी रहेगी।
एक्सपर्ट के मुताबिक, होम लोन के लिए न्यूनतम 650 और आदर्श रूप से 750 से ऊपर का स्कोर जरूरी है।
Low Credit Score: भारत की प्रमुख क्रेडिट एजेंसियां- CIBIL, CRIF High Mark, Equifax और Experian क्रेडिट स्कोर को वित्तीय भरोसेमंदी का अहम संकेत मानती हैं। अगर किसी शख्स का स्कोर 500 के आसपास है, तो उसे 'खराब' कैटेगरी में रखा जाता है, और ऐसे में होम लोन का मिलना किसी बड़ी चुनौती से कम नहीं होता।
एक्सपर्ट के मुताबिक, होम लोन के लिए न्यूनतम 650 और आदर्श रूप से 750 से ऊपर का स्कोर जरूरी है। इस स्तर पर लोन न सिर्फ आसानी से मिल जाता है, बल्कि शर्तें और ब्याज दर भी काफी अच्छी रहती हैं।
क्या होता है क्रेडिट स्कोर (Credit Score)?
क्रेडिट स्कोर एक तीन अंकों की संख्या होती है, जो आपकी क्रेडिट योग्यता यानी उधार लौटाने की क्षमता को बताती है। यह स्कोर आपकी लोन चुकाने की आदत, क्रेडिट कार्ड बिल का भुगतान, कर्ज की कुल राशि और अन्य वित्तीय व्यवहार के आधार पर तैयार किया जाता है।
भारत में CIBIL, Equifax, Experian और CRIF High Mark जैसी एजेंसियां यह स्कोर बनाती हैं, जो आमतौर पर 300 से 900 के बीच होता है। क्रेडिट स्कोर जितना ज्यादा रहता है, उतना ही अच्छा होता है।
कम क्रेडिट स्कोर पर लोन क्यों नहीं देते बैंक?
HDFC, ICICI और Axis जैसे बड़े बैंक आम तौर पर उन्हीं आवेदकों को प्राथमिकता देते हैं जिनका क्रेडिट स्कोर 650 या इससे ऊपर होता है। कमजोर स्कोर यह संकेत देता है कि कर्ज लेने वाले ने समय पर भुगतान नहीं किया है, उसका क्रेडिट यूटिलाइजेशन रेशियो बहुत अधिक है या फिर उसने पहले डिफॉल्ट किया है। ऐसे मामलों में बैंक या तो लोन देने से इनकार करते हैं या फिर बहुत सख्त शर्तों के साथ मंजूरी देते हैं।
कम स्कोर पर होम लोन में क्या होती हैं शर्तें?
अगर आपका क्रेडिट स्कोर 500 के आसपास है, तो बड़े वित्तीय संस्थान अमूमन लोन एप्लिकेशन रिजेक्ट कर देते हैं। अगर किसी बैंक या NBFC ने कर्ज देने के लिए हां भी कर दिया, तो शर्तें और ब्याज दर काफी अधिक हो सकती है।
ज्यादा ब्याज दर: जहां अच्छे स्कोर वालों को 8% तक की दर पर लोन मिल सकता है, वहीं कमजोर स्कोर वालों से 10% से ज्यादा वसूला जा सकता है।
ज्यादा डाउन पेमेंट: जोखिम कम करने के लिए बैंक एडवांस में बड़ी रकम मांग सकते हैं।
अतिरिक्त सुरक्षा: आवेदक से गारंटर या अचल संपत्ति गिरवी रखने की शर्त रखी जा सकती है।
ग्राहक के पास क्या विकल्प रहते हैं?
एक्सपर्ट के मुताबिक, कम क्रेडिट स्कोर वाले ग्राहकों के लिए लोन अगेंस्ट प्रॉपर्टी (LAP) अच्छा विकल्प हो सकता है। इसमें अपनी किसी मौजूदा संपत्ति को गिरवी रखकर लोन लिया जा सकता है। हालांकि, यह विकल्प उन्हीं के लिए उपयोगी है जिनके पास पहले से संपत्ति हो। साथ ही, इसमें ब्याज दर 9.05% से 13.50% तक हो सकती है।
क्रेडिट स्कोर सुधारना सबसे अच्छा रास्ता
एक्सपर्ट का मानना है कि अगर आपका क्रेडिट स्कोर घटकर 500 के आसपास आ गया है, तो आपको होम लोन लेने के लिए थोड़ा इंतजार करना चाहिए। आपका पहला फोकस क्रेडिट स्कोर सुधारने पर होना चाहिए। इसके लिए आप कुछ उपाय पर अमल कर सकते हैं:
सभी लोन और क्रेडिट कार्ड का भुगतान समय पर करें।
क्रेडिट कार्ड की लिमिट का 30% से कम उपयोग करें।
बार-बार लोन या क्रेडिट कार्ड के लिए आवेदन करने से बचें।
अपनी क्रेडिट रिपोर्ट नियमित रूप से जांचें और गलतियां सुधारें।
अगर आप कुछ महीनों तक EMI और क्रेडिट कार्ड का भुगतान नियमित रूप से करते हैं और नया कर्ज नहीं लेते हैं, तो 6–12 महीने में स्कोर में पर्याप्त सुधार हो सकता है।