इंश्योरेंस रेगुलेटरी एंड डेवलपमेंट अथॉरिटी ऑफ इंडिया (IRDAI) ने ओडिशा के बालासोर में ट्रेन हादसे के पीड़ितों के परिजनों की मदद के लिए बड़ा कदम उठाया है। उसने सभी इंश्योरेंस कंपनियों को पीड़ितों के परिजनों के दावों का जल्द निपटारा करने को कहा है। इनमें लाइफ और जनरल दोनों तरह की बीमा कंपनियां शामिल हैं। बीमा नियामक ने इस बारे में 5 जून को एक सर्कुलर जारी किया है। इसमें इंश्योरेंस कंपनियों से कहा गया है कि अगर इनश्योर्ड व्यक्ति का नाम मृतकों या घायलों की लिस्ट में शामिल हैं... और वे उस ट्रेन से सफर कर रहे थे, जो हादसे का शिकार हो गईं तो क्लेम्स की प्रोसेसिंग जल्द होनी चाहिए।
वेबसाइट पर रोजाना जानकारियां प्रकाशित करनी होंगी
बीमा नियामक ने इंश्योरेंस कंपनियों को अपनी वेबसाइट पर ओडिशा ट्रेन हादसे से संबंधित जानकारियां प्रकाशित करने को भी कहा है। उन्हें ये जानकारियां एक हफ्ते तक रोजाना और उसके बाद एक महीने तक हर हफ्ते प्रकाशित करनी होंगी। इनमें कंपनी को मिले दावों, उनके निपटारा और PMSBY के तहत आउस्टैंडिंग और IRCTC के तहबत जारी पॉलिसी की जानकारी शामिल होगी। इनके अलावा कंपनियों को इंडिविजुअल या ग्रुप पर्सनल एक्सिडेंट पॉलिसीज और हेल्थ इंश्योरेंस के दावे भी शामिल होंगे।
पीडितों के परिजनों के हर सवाल के देने होंगे जवाब
इरडा के इस निर्देश के बाद अब कंपनियों को पीड़ितों के परिजनों के दावों का जल्द से जल्द निपटारा करना होगा। बीमा नियामक ने कहा है, "इंश्योरेंस इंडस्ट्री को हादसे से प्रभावित लोगों की कठिनाइयां दूर करने के लिए जल्द से जल्द कदम उठाने की जरूरत है। उन्हें इंश्योर्ड लोगों का तुरंत रजिस्ट्रेशन करने और उनके दावों के निपटारे के उपाय करने होंगे।" यह भी कहा गया है कि हादसे से प्रभावित यात्रियों और उनके परिवार के सदस्यों के सवालों के जवाब देने के लिए एक समर्पित हेल्पलाइन शुरू करनी होगी। इसे सीनियर अफसर की निगरानी में चलाया जाना चाहिए।
कंपनियां जल्द शुरू कर देंगी दावों के निपटारे की प्रक्रिया
लाइफ इंश्योरेंस कॉर्पोरेशन (LIC), भारती-एक्सा लाइफ, लिबर्टी जनरल इंश्योरेंस सहित कई बीमा कंपनियों ने ऐसे बयान दिए हैं, जिनमें कहा गया है कि वे पीड़ितों की पहचान और उनके नॉमिनी का पता लगाने के लिए जल्द कोशिश शुरू कर देंगी। ये कंपनियां दावों के जल्द निपटारे और क्लेम प्रोसेस को आसान बनाने के लिए भी कदम उठाएंगी।
यह सदी की सबसे बड़ी रेल दुर्घटना
ओडिसा के बालासोर में हुए सदी के इस सबसे बड़े हादसों में 266 लोगों की मौत हो गई। करीब 1,000 लोग घायल हो गए थे। इनमें से कई लोगों को इलाज के बाद अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया है। हालांकि, अब भी कई शवों की पहचान नहीं हो सकी है।