Form 16: नया फाइनेंशियल ईयर 1 अप्रैल से शुरू हो चुका है। इसके साथ ही इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) भरने का सीजन भी शुरू हो गया है। केंद्र सरकार ने असेसमेंट ईयर 2025-26 के लिए ITR फॉर्म्स (ITR-1 से ITR-7 तक) जारी कर दिए हैं। अब लाखों सैलरीड टैक्सपेयर्स इस बात का इंतजार कर रहे हैं कि ई-फाइलिंग के लिए फॉर्म 16 जल्द मिल जाए।
अगर आप नौकरीपेशा हैं और पिछले साल की कमाई पर ITR भरने की तैयारी कर रहे हैं, तो एक जरूरी डॉक्यूमेंट आपके पास होना जरूरी है। वह जरूरी ड़ॉक्यूमेंट Form 16 है। यह वही फॉर्म है जो आपको आपकी कंपनी देती है और जिसमें आपकी सालभर की सैलरी और उस पर कटे टैक्स की पूरी जानकारी होती है।
Form 16 दो हिस्सों में होता है – Part A और Part B
Part A में होता है आपका नाम, पता, PAN, आपकी कंपनी का TAN नंबर और हर तिमाही में कितना टैक्स काटा गया और सरकार को जमा किया गया।
Part B में आपकी पूरे साल की सैलरी, टैक्स फ्री अलाउंसेज (जैसे HRA, ट्रैवल), और सेक्शन 80C, 80D जैसे टैक्स छूट के तहत की गई निवेश की जानकारी होती है, जैसे PPF, LIC, मेडिकल इंश्योरेंस आदि।
इस साल क्या बदला है Form 16 में?
सरकार ने Form 16 को और ज्यादा साफ और उपयोगी बनाया है। अब यह फॉर्म बताएगा कि आपकी सैलरी का कौन सा हिस्सा टैक्स फ्री है, कौन से भत्तों पर टैक्स नहीं लगता और किन पर टैक्स कटता है। इसका फायदा यह होगा कि जब आप ITR भरेंगे तो आपको अपनी इनकम और टैक्स डिटेल्स को समझने में आसानी होगी। इससे गलतियों की संभावना कम होगी और रिटर्न फाइलिंग तेज और आसान बनेगी।
इनकम टैक्स नियम 31(3) के अनुसार कंपनियों को अपने कर्मचारियों को हर साल 15 जून तक Form 16 देना होता है। यानी इस साल भी आपको यह फॉर्म 15 जून 2025 तक मिल जाना चाहिए। हालांकि, ITR भरने के लिए Form 16 जरूरी नहीं है, लेकिन यह आपकी इनकम, कटे टैक्स और छूट की जानकारी एक ही जगह देता है, जिससे ITR भरना आसान हो जाता है। ज्यादातर नौकरीपेशा लोग ITR तभी भरते हैं जब उन्हें Form 16 मिल जाए। लेकिन रिटर्न फाइल करने के लिए जरूरी सारे डॉक्यूमेंट्स पहले से तैयार रखें और आखिरी तारीख का इंतजार न करें।