Revised Income Tax Return: शुरुआत इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) में किसी भी गलती या चूक को सुधारने के लिए रिवाइज आईटीआर फाइल की जाती है। रिवाइज आईटीआर में अधूरी टैक्स रिटर्न, गलत इनकम डेटा या अनदेखी कटौतियां शामिल हो सकती हैं। आयकर अधिनियम 1961 की एक जरूरी प्रावधान धारा 139(5) है, जो आपको अपने शुरुआती रिटर्न में गलतियां या चूक पाए जाने पर रिवाइज आईटीआर दाखिल करने की अनुमति देता है। क्या आपको पता है कि आप कितनी बार रिवाइज आईटीआर फाइल कर सकते हैं।
