महाराष्ट्र में प्रॉपर्टी खरीदने पर 1 फीसदी मेट्रो सेस से खरीदार नाखुश, लेकिन महाराष्ट्र सरकार ने कमाए 1800 करोड़ रुपये

सिर्फ 11 महीने में महाराष्ट्र सरकार ने मेट्रो सेस से 1,800 करोड़ रुपये हासिल किए हैं। इससे वह बहुत खुश है। लेकिन, घर खरीदार इससे नाखुश हैं। उनकी शिकायत यह है कि मेट्रो सेस की वजह से प्रॉपर्टी खरीदना महंगा हो गया है

अपडेटेड Mar 02, 2023 पर 12:33 PM
Story continues below Advertisement
मुंबई में प्रॉपर्टी खरीदने पर 6 फीसदी स्टैंप ड्यूटी लगती है। यह प्रॉपर्टी की मार्केट वैल्यू पर लगती है। इसमें 1 फीसदी मेट्रो सेस भी होता है।

महाराष्ट्र सरकार ने मेट्रो सेस (Metro Cess) से 1,800 करोड़ रुपये से ज्यादा हासिल किए हैं। यह कलेक्शन 11 महीने का है। राज्य सरकार ने पिछले साल प्रॉपर्टी के रजिस्ट्रेशन पर 1 फीसदी मेट्रो सेस लगाना शुरू किया था। यह सेस प्रॉपर्टी की कुल कीमत पर लगता है। स्टैंप ड्यूटी चुकाते वक्त इसका पेमेंट करना होता है। मेट्रो सेस से मिले पैसे से राज्य सरकार बहुत खुश है। लेकिन, घर खरीदार नाखुश हैं। इसकी वजह यह है कि अब महाराष्ट्र में घर खरीदना महंगा हो गया है। प्रॉपर्टी हाई वैल्यू ट्रांजेक्शन है, जिससे 1 फीसदी भी बहुत मायने रखता है।

ज्यादातर घरों की बिक्री 1-1.25 करोड़ रुपये की रेंज में

महाराष्ट्र सरकार के डेटा के मुताबिक, रेजिडेंशियल सेक्टर में ज्यादा सेल्स 1 से 2.5 करोड़ रुपये के बीच है। इसका मतलब है कि घर खरीदने वाले ज्यादातर लोग प्रॉपर्टी के रजिस्ट्रेशन पर अतिरिक्त 1-2.5 लाख रुपये चुका रहे हैं। इंस्पेक्टर जनरल ऑफ रजिस्ट्रेशन एंड स्टैंप्स श्रवण हार्दिकर ने कहा, "इस फाइनेंशिय ईयर में महाराष्ट्र सरकार ने स्टैंप ड्यूटी और रजिस्ट्रेशंस से 36,197 करोड़ रुपये हासिल किए हैं। करीब 1,881.32 करोड़ रुपये मेट्रो सेस से हासिल हुए हैं।"


यह भी पढ़ें : अब 'रेंट नाउ पे लेटर' की भी सुविधा शुरू, जानिए यह क्या है और इसके फायदे क्या हैं

उन्होंन बताया, "1 फीसदी मेट्रो सेस से 1,881.32 करोड़ रुपये के कलेक्शन में 1,200 करोड़ रुपये का कलेक्शन मुंबई मेट्रो प्रोजेक्ट्स के लिए है। 536 करोड़ रुपये पुणे के लिए हैं। 60 करोड़ रुपये नागपुर प्रोजेक्ट्स के लिए है। हमारे विभाग की तरफ से कलेक्ट किया गया 1 फीसदी मेट्रो सेस महाराष्ट्र सरकार की अर्बन डेवलपमेंट मिनिस्ट्री को ट्रांसफर कर दिया जाता है। आखिर में वह इस पैसे को स्थानीय निकायों को ट्रांसफर कर देती है।"

mumbai property registration

कैसे करना होता है पेमेंट?

मुंबई में प्रॉपर्टी खरीदने पर 6 फीसदी स्टैंप ड्यूटी लगती है। यह प्रॉपर्टी की मार्केट वैल्यू पर लगती है। इसमें 1 फीसदी मेट्रो सेस भी होता है। अगर प्रॉपर्टी खरीदने वाली एक महिला है तो स्टैंप ड्यूटी 5 फीसदी लगती है। इसमें एक फीसदी मेट्रो सेस भी होता है। इसके बाद प्रॉपर्टी की कुल वैल्यू का 1 फसदी रजिस्ट्रेशन चार्ज भी चुकाना पड़ता है। यह 30 लाख रुपये से कम वैल्यू की प्रॉपर्टी के लिए है। प्रॉपर्टी की वैल्यू 30 लाख रुपये से ऊपर होने पर यह अमाउंट 30,000 रुपये है।

घर खरीदार नाखुश

मुंबई, पुणे और नासिक में प्रॉपर्टी खरीदने पर 1 फीसदी मेट्रो सेस लगने से घर खरीदार खुश नहीं हैं। उनका मानना है कि यह सेस सिर्फ खास इलाकों में प्रॉपर्टी खरीदने पर लगना चाहिए। 28 साल के कार्तिक नाग ने नागपुर में इनवेस्टमेंट के लिहाज से एक 3 बीएचके अपार्टमेंट खरीदा है। उन्होंने कहा, "मेरी सेल डीड एक महीना पहले रिजस्टर्ड हुई। मैंने 750 वर्ग फुट कार्पेट एरिया वाले अपार्टमेंट के लिए करीब 7 फीसदी स्टैंप ड्यूटी चुकाई है। इसके लिए मैंने 30 लाख रुपये कीमत चुकाई। इसमें से 1 फीसदी यानी 30,000 रुपये मेट्रो सेस था।"

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।