राजस्थान के छोटे गांव झुंझुनू में एक युवा ने आईटी कंपनी बनाई। कभी सिर्फ 2-3 लोगों के साथ शुरू की कंपनी में आज 50 से ज्यादा लोग काम कर रहे हैं। आरके अलर्ट इन्फोटेक प्राइवेट लिमिटेड के ओनर राकेश ने बताया कि आज उनकी कंपनी न सिर्फ देश में काम कर रही है बल्कि गूगल, फेसबुक, याहू जैसी कंपनी उनकी क्लाइंट है। झुंझुनू के गुढ़ा गोडजी कस्बे के रहने वाले युवा ने अपने जुनून व कड़ी मेहनत की बदौलत आज करोड़ों रुपए टर्नओवर की कंपनी खड़ी कर रखी है। जिस उम्र में युवा रोजगार की तलाश में रहते हैं उसे समय पर अपनी लगन की बदौलत राकेश ने 50 से ज्यादा युवाओं को रोजगार दिया है।
राकेश ने बताया कि उन्होंने आईटी सेक्टर में साल 2013 से काम शुरू किया था। आज 10 साल बाद उनके पास 50 से ज्यादा लोगों की टीम है जो उनके साथ काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि उन्हें पढ़ाई के दौरान ही समझ में आ गया था कि आईटी सेक्टर में बड़ा बदलाव होने वाला है। उस समय वह विदेश के आर्टिकल पढ़ा करते थे। उनकी आईटी सेक्टर में हो रहे बदलावों में खास रुचि थी। उन्होंने देखा कि बाहर के देशों में आईटी को लोग एक बहुत बड़े समाधान के तौर पर देख रहे हैं वहीं से उन्होंने अपने करियर की शुरुआत की।
2013 में आईटी सेक्टर में डिजिटल मार्केटिंग में काम शुरू किया। उस समय उनके पास दो या तीन लोगों की टीम थी जो कि अभी 50 से ज्यादा लोगों की टीम बन चुकी है। शुरुआत में डिजिटल मार्केटिंग का भारत में स्कोप नहीं होने के कारण वह बाहर की कंपनियों को अपनी सर्विस प्रोवाइड करते थे। 2015 के बाद बाहर की कंपनियों को उनका काम पसंद आने लगा। जिससे उन्हें काम और बढ़ाने की जरूरत पड़ी। उसके बाद उन्होंने अपनी एक कंपनी रजिस्टर्ड करी आरके अलर्ट इन्फोटेक प्राइवेट लिमिटेड बनाई।
अपनी कंपनी की जानकारी देते हुए राकेशन कहा कि आज उनके पास क्लाइंट के तौर पर गूगल, फेसबुक, याहू जैसे क्लाइंट है। उन्होंने बताया कि आज भी डिजिटल मार्केटिंग गांव में रहते हुए कंपलीट सॉल्यूशन उन बड़ी कंपनियों को प्रोवाइड कर रहे हैं। बड़ी कंपनियों को सॉल्यूशन प्रोवाइड करवाने के साथ आज खुद सोशल मीडिया पर उनके पास 50 लाख से ज्यादा फोलोवर्स हैं।
कंपनी बड़ी कंपनियों को सॉल्यूशन देने के साथ में ही कस्टमाइज्ड सॉफ्टवेयर डेवलप करके वे लोगों को देते हैं। इतनी बड़ी कंपनी खड़ी करने के पीछे शुरुआत की बात करते हुए उन्होंने बताया कि हमेशा से ही उनका पढ़ने के साथ में ही टेक्नोलॉजी को लेकर एक लगाव रहा है। उन्होंने इसके लिए न तो कहीं से कोई डिग्री हासिल की है। नहीं कहीं से कोई कोर्स किया बल्कि खुद सेल्फ स्टडी व ऑनलाइन स्टडी करके वर्क एक्सपीरियंस से खुद चीज सीखी और उसके बाद आज अपनी टीम को सिखा कर अच्छा खासा कम लोगों को दे रहे हैं।