Silver Price Today: साल 2026 की शुरुआत में चांदी की कीमतों में भारी उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में 2 जनवरी को चांदी का स्पॉट प्राइस 72.58 डॉलर प्रति औंस रहा। इसमें एक दिन में 2.22% की तेजी दिखी, लेकिन बीते एक हफ्ते में चांदी अब भी 8.35% नीचे बनी हुई है।
वहीं घरेलू बाजार की बात करें तो MCX पर चांदी का फ्यूचर्स भाव 2,40,349 रुपये प्रति किलो (999 शुद्धता) दर्ज किया गया। यह अपने पिछले बंद भाव 2,35,873 रुपये से करीब 1.9% ज्यादा है। हालांकि, 29 दिसंबर को बने रिकॉर्ड हाई 2,54,174 रुपये प्रति किलो से चांदी अब भी करीब 5.44% नीचे कारोबार कर रही है।
चांदी में गिरावट क्यों आई?
Augmont Bullion की 1 जनवरी 2026 की रिपोर्ट के मुताबिक, दिसंबर के आखिर में चांदी ने तेज रैली दिखाई थी और 30 दिसंबर को 84 डॉलर प्रति औंस तक पहुंच गई थी। इसके बाद सिर्फ 48 घंटों में 15% से ज्यादा की तेज गिरावट आई। इस गिरावट की सबसे बड़ी वजह CME Group का मार्जिन बढ़ाना रहा।
26 दिसंबर 2025 को CME ने मार्च 2026 सिल्वर फ्यूचर्स के लिए शुरुआती मार्जिन 22,000 डॉलर से बढ़ाकर 25,000 डॉलर कर दिया। इसके बाद 30 दिसंबर 2025 को एक और सख्त कदम उठाते हुए मार्जिन को 30% बढ़ाकर 32,500 डॉलर प्रति कॉन्ट्रैक्ट कर दिया गया।
मार्जिन बढ़ने के बाद कई निवेशक अपने सौदे संभाल नहीं पाए। न्यूयॉर्क ट्रेडिंग खुलते ही फोर्स्ड लिक्विडेशन शुरू हो गया और जिन निवेशकों ने ऊंचे स्तर पर एंट्री ली थी, उन्हें भारी नुकसान उठाना पड़ा। इसी वजह से चांदी में अचानक बड़ी बिकवाली देखने को मिली।
आज भारत के बड़े शहरों में चांदी के दाम
देश के ज्यादातर बड़े शहरों में चांदी के रेट लगभग एक जैसे रहे। स्थानीय टैक्स, ज्वेलर मार्जिन और लॉजिस्टिक्स लागत के कारण मामूली फर्क जरूर देखा गया, लेकिन कुल मिलाकर चांदी 2.29 लाख से 2.31 लाख रुपये प्रति किलो के दायरे में रही।
आज 2 जनवरी 2026 भारत के प्रमुख शहरों में चांदी के दाम
क्या इस हफ्ते फिर रफ्तार पकड़ेगी चांदी?
Augmont Bullion की रिपोर्ट के मुताबिक, हालिया तेज तेजी और फिर आई भारी बिकवाली के बाद अब चांदी की कीमतों में कंसोलिडेशन देखने को मिल सकता है। रिपोर्ट का अनुमान है कि आने वाले दिनों में चांदी का भाव 70 से 76 डॉलरप्रति औंस के दायरे में रह सकता है। भारतीय बाजार के लिहाज से यह रेंज करीब 2,23,000 से 2,42,000 रुपये प्रति किलो के बीच मानी जा रही है। यानी शॉर्ट टर्म में चांदी में बड़े उछाल की बजाय सीमित दायरे में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है।
999 शुद्धता वाली चांदी के हालिया दाम
(सोर्स: इंडियन बुलियन ज्वेलर्स एसोसिएशन – 1 जनवरी 2026, शाम 6:30 बजे का रेट)
क्या करना चाहिए निवेशको को?
हालिया गिरावट के बाद चांदी में वोलैटिलिटी ज्यादा बनी हुई है। एक्सपर्ट्स मानते हैं कि शॉर्ट टर्म में उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है, जबकि लॉन्ग टर्म निवेशक किसी भी बड़े फैसले से पहले सावधानी बरतें और जोखिम को समझकर ही कदम उठाएं।