GST Council Meeting: टैक्स रेट को तर्कसंगत बनाने की GoM की अंतरिम रिपोर्ट मंजूर

छत्तीसगढ़ के कमर्शियल टैक्सेज मिनिस्टर टी एस सिंह देव ने केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण से राज्यों को मिल रहे जीएसटी कंपनसेशन को और पांच साल के लिए बढ़ा देने की अपील की। ज्यादातर राज्यों का कहना है कि जीएसटी कंपसेशन को और पांच साल के लिए बढ़ाया जाना चाहिए। यह कंपनसेशन 30 जून को खत्म हो रहा है

अपडेटेड Jun 28, 2022 पर 6:34 PM
Story continues below Advertisement
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) की अध्यक्षता में GST Council की दो दिवसीय बैठक चंडीगढ़ में हो रही है।

GST काउंसिल की 47वीं बैठक मंगलवार (28 जून) को चंडीगढ़ में शुरू हुई। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) की अध्यक्षता में यह दो दिवसीय बैठक हो रही है। पहले दिन कई अहम मसलों पर चर्चा हुई। हालांकि, अभी अधिकारिक रूप से इस बारे में नहीं बताया गया है।

पहले दिन काउंसिल ने जीएसटी की दरों को तर्कसंगत बनाने के लिए गठित ग्रुप ऑफ मिनिस्टर्स (GoM) की अंतरिम रिपोर्ट को मंजूरी दे दी। कर्नाटक के मुख्यमंत्री बी बोम्मई की अध्यक्षता वाले GoM ने 5,000 रुपये प्रति दिन से ज्यादा चार्ज वाले हॉस्पिटल रूम्स के रेंट पर 5 फीसदी जीएसटी लगाने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। समूह ने पोस्टकार्ड, इनलैंड लेटर और 10 ग्राम वजन तक के लिफाफे को छोड़ पोस्टऑफिस की सभी सेवाओं पर टैक्स लगाने का प्रस्ताव दिया है।

छत्तीसगढ़ के कमर्शियल टैक्सेज मिनिस्टर टी एस सिंह देव ने केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण से राज्यों को मिल रहे जीएसटी कंपनसेशन को और पांच साल के लिए बढ़ा देने की अपील की। ज्यादातर राज्यों का कहना है कि जीएसटी कंपसेशन को और पांच साल के लिए बढ़ाया जाना चाहिए। यह कंपनसेशन 30 जून को खत्म हो रहा है।


यह भी पढ़ें : कितनी है पालोनजी मिस्त्री की संपत्ति, ग्रुप में शामिल हैं कौन-कौन कंपनियां?

GST की व्यवस्था 1 जुलाई 2017 को लागू हुई थी। तब केंद्र सरकार ने इसके चलते राज्यों के राजस्व में आई कमी की भरपाई करने का वादा किया था। इसे जीएसटी कंपनसेशन कहा जाता है। अब इसकी अवधि खत्म होने जा रही है। राज्यों का कहना है कि कंपनसेशन की व्यवस्था खत्म होने से उन्हें बहुत नुकसान होगा। उनका कहना है कि कोरोना की महामारी की वजह से पहले से ही उनकी वित्तीय स्थिति पर दबाव बढ़ा है।

पश्चिम बंगाल की मुख्य मंत्री ममता बनर्जी के सलाहकार और राज्य के पूर्व वित्त मंत्री अमित मित्रा ने कहा कि जीएसटी काउंसिल के फैसले से सर्वसम्मति से होने चाहिए। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले को ध्यान में रख राज्यों पर जीएसटी काउंसिल के फैसले थोपे नहीं जाने चाहिए।

बिहार के डिप्टी चीफ मिनिस्टर तारकिशोर प्रसाद ने कहा कि मंगलवार को काउंसिल की बैठक में कई अहम फैसले लिए गए। अभी इनके बारे में आधिकारिक रूप से जानकारी नहीं दी गई है। बताया जाता है कि बुधवार को राज्यों को कंपनसेशन की अवधि बढ़ाने के मसले पर फैसला हो सकता है।

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।