FD Rates: इजरायल और ईरान के बीच बढ़ते तनाव का असर सिर्फ वैश्विक राजनीति तक सीमित नहीं है। बल्कि, इसका असर भारत की अर्थव्यवस्था पर भी दिख सकता है। लड़ाई के कारण क्रूड ऑयल, एनर्जी और जरूरी चीजों की कीमतें बढ़ रही हैं, जिससे महंगाई पर दबाव बन रहा है। अगर महंगाई बढ़ती है तो भविष्य में RBI रेपो रेट बढ़ा सकता है, जिसका सीधा असर बैंक की FD ब्याज दरों पर पड़ सकता है। फिलहाल एक्सपर्ट्स का मानना है कि तुरंत ब्याज दरों में बदलाव नहीं होगा, लेकिन आने वाले समय में इसमें बढ़ोतरी की संभावना बन सकती है। इसका पहला संकेत 8 अप्रैल 2026 को RBI की मौद्रिक नीति बैठक (MPC) के फैसले से मिल सकता है। अब देखना होगा कि बुधवार 8 अप्रैल को RBI रेपो रेट पर क्या फैसला लेती है।
अभी अलग-अलग बैंकों में FD ब्याज दरों में काफी अंतर देखने को मिल रहा है। स्मॉल फाइनेंस बैंक (SFB) सबसे ज्यादा ब्याज दे रहे हैं, जबकि प्राइवेट और सरकारी बैंक थोड़े कम रिटर्न दे रहे हैं।
स्मॉल फाइनेंस बैंक के एफडी रेट्स
सूर्योदय स्मॉल फाइनेंस बैंक करीब 8.10% तक ब्याज दे रहा है, जो इस समय सबसे ज्यादा है। इसके अलावा जन और ESAF स्मॉल फाइनेंस बैंक करीब 8% तक रिटर्न ऑफर कर रहे हैं। शिवालिक स्मॉल फाइनेंस बैंक करीब 7.80% और स्लाइस स्मॉल फाइनेंस बैंक लगभग 7.75% तक ब्याज दे रहे हैं।
सरकारी बैंकों (PSU Banks) में FD ब्याज दरें
पंजाब एंड सिंध बैंक 666 दिनों की FD पर करीब 6.75% ब्याज दे रहा है। बैंक ऑफ महाराष्ट्र 400 दिनों की FD पर 6.65% ब्याज ऑफर कर रहा है। बैंक ऑफ इंडिया 450 दिनों की FD स्टार स्वर्णिम स्कीम पर 6.6% ब्याज दे रहा है। जबकि केनरा बैंक और इंडियन बैंक भी क्रमशः 555 दिन और 444 दिन की FD पर लगभग 6.6% ब्याज दे रहे हैं।
प्राइवेट बैंकों में FD ब्याज दरें
IDFC FIRST Bank 390 दिनों की FD पर करीब 7.4% ब्याज दे रहा है। SBM बैंक इंडिया 18 महीने से थोड़ा ज्यादा अवधि की FD पर 7.3% ब्याज ऑफर करता है। बंधन बैंक 2 से 5 साल की FD पर 7.25% ब्याज दे रहा है। जम्मू-कश्मीर बैंक भी 888 दिनों की FD पर 7.25% ब्याज देता है, जबकि RBL बैंक 18 महीने से 3 साल की FD पर करीब 7.2% ब्याज ऑफर कर रहा है। कुल मिलाकर स्मॉल फाइनेंस बैंक FD पर सबसे ज्यादा रिटर्न दे रहे हैं, जबकि सरकारी बैंकों में ब्याज दरें थोड़ी कम लेकिन यहां एफडी में पैसा निवेश करना ज्यादा सेफ माना जाता है।