Magh Mela 2026: माघ महीने की शुरुआत के साथ ही तीर्थराज प्रयागराज में एक अलग ही आध्यत्मिक माहौल देखने को मिलता है। पौष महीने की पूर्णिमा से यहां कल्पवास करने वाले जुट जाते हैं और फिर अगले एक महीने तक भगवान के जप-तप और स्नान कर सात्विक जीवन जीते हैं। यह हिंदू धर्म के सबसे पवित्र और प्रमुख आयोजनों में से एक माना जाता है। माघ मेला पौष पूर्णिमा से शुरू हो कर फाल्गुन मास की महाशिवरात्रि तक रहता है। इस दौरान प्रयागराज स्थिति त्रिवेणी संगतम यानी गंगा, यमुना और सरस्वती के संगम तट पर भक्ति और आस्था का सैलाब उमड़ता है। आइए जानें इस साल माघ मेला कब से शुरू हो रहा है और कब खत्म होगा? साथ ही जानें कल्पवास क्या है और इसका सनातन परंपरा में क्या महत्व है?
