Tulsi Vivah 2025 Upay: हिंदू धर्म तुलसी विवाह के दिन को बहुत पवित्र और धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जाता है। ये पर्व भी चंद्र कैलेंडर के कार्तिक मास में ही मनाया जाता है। इस दिन भगवान श्रीहरि विष्णु के विग्रह स्वरूप शालिग्राम का तुलसी माता से विवाह होता है और हिंदू धर्म में शादी मुंडन जैसे मांगलिक कार्य शुरू होते हैं। इसलिए इस दिन को विशेष आस्था और विश्वास के साथ मनाया जाता है। माना जाता है कि ये पूरा दिन इतना शुभ होता है कि अगर किसी की शादी की डेट नहीं मिल रही है, तो उसकी शादी भी इस दिन संपन्न हो सकती है। इसके अलावा, किसी की शादी में अगर अड़चन आ रही है, तो कुछ उपाय करने से उसकी शादी की शहनाई जल्द बज सकती है। आइए जानें इसके लिए क्या उपाय कर सकते हैं?
शादी होने में आ रही रुकावट दूर करने के उपाय
तुलसी-शालिग्राम का गठबंधन : तुलसी विवाह के अनुष्ठान के दौरान, शालिग्राम जी और तुलसी के पौधे को मौली से एक-दूसरे के साथ बांधकर गठबंधन करें। गठबंधन के बाद, किसी गरीब या ब्राह्मण को कपड़े, मिठाई और फल का दान जरूर करें। ऐसा करने से जल्द विवाह के योग बनते हैं।
शालिग्राम और तुलसी को अर्पित करें हल्दी : तुलसी विवाह के दिन जिनके विवाह में मुश्किलें आ रही हैं, वे जातक नहाने के पानी में एक चुटकी हल्दी मिलाकर नहाएं। इसके बाद विधिवत पूजा करें। फिर भगवान शालिग्राम और तुलसी माता को हल्दी का लेप या हल्दी मिश्रित दूध अर्पित करें। इस उपाय को करने से कुंडली में गुरु की स्थिति मजबूत होती है, जिससे विवाह के योग शीघ्र बनने लगते हैं।
तुलसी माता को अर्पित करें सोलह श्रृंगार : तुलसी विवाह के दिन माता तुलसी का शालिग्राम से विवाह पूरे विधि-विधान के साथ किया जाता है। इस दिन उन्हें दुल्हन की तरह सजाते हैं। उन्हें लाल चुनरी, चूड़ियां, सिंदूर, बिंदी समेत सोलह शृंगार की सभी वस्तुएं श्रद्धापूर्वक अर्पित करें। ऐसा करने से विवाह में आ रही रुकावटें दूर होती हैं और वैवाहिक जीवन सुखमय रहता है।
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