इन दिनों सोशल मीडिया पर बिहार की राजधानी पटना के पास बाढ़ जैसे छोटे से कस्बे से निकलकर अमेरिका गए युवक की कहानी तेजी से वायरल हो रही है। ये कहानी बिहार के रहने वाले प्रभाकर प्रसाद की है। प्रभाकर प्रसाद अमेरिका के लॉस एंजिल्स में लोकल किसान बाजारों में अपना छोटा सा स्टॉल लगाते हैं। यहां पर लोग ताजी सब्जियों और छोटे फूड स्टॉल का आनंद लेने आते हैं। यहां पर प्रसाद ग्राहकों को पोहा के साथ गरम चाय परोसते हैं। खास बात ये है कि यहां पर मिलने वाली एक चाय की कीमत 780 रुपये बताई जा रही है। प्रभाकर प्रसाद का पहनावा और अंदाज भी सोशल मीडिया पर उनकी खास पहचान बन गया है।
प्रभाकर के कई वीडियो में उन्हें गले में पारंपरिक बिहारी गमछा डाले देखा जा सकता है। ग्राहकों को चाय और पोहा देते समय वह अक्सर हिंदी में बात करते हैं और उनसे हंसी-मजाक करते हुए आराम से बातचीत भी करते हैं, जिससे लोगों को उनका अंदाज काफी पसंद आता है।
इंस्टाग्राम पर काफी वायरल है प्रभाकर
इंस्टाग्राम पर प्रभाकर प्रसाद “बिहारी चायवाला” या “चायगाय” के नाम से जाने जाते हैं। वह chaiguy_la नाम से अपना पेज चलाते हैं, जहां अपने रोजमर्रा के काम की झलक साझा करते रहते हैं। अपने पोस्ट में वह दिखाते हैं कि वह चाय कैसे बनाते हैं, स्टॉल कैसे लगाते हैं और ग्राहकों से कैसे बातचीत करते हैं। उनके अकाउंट पर फिलहाल 10 हजार से ज्यादा फॉलोअर्स हैं। वायरल वीडियो के अनुसार, वह एक कप चाय करीब 8.65 डॉलर (लगभग 780 रुपये) में बेचते हैं, जबकि पोहा की एक प्लेट की कीमत लगभग 16.80 डॉलर (करीब 1,350 रुपये) है। कीमतें भले ही भारत के मुकाबले ज्यादा लगें, लेकिन बाजार में लोग उनके खाने को चखने के लिए लाइन लगाते हैं और अक्सर उनका सामान जल्दी ही बिक जाता है।
आर्थिक तंगी का करना पड़ा था सामना
प्रभाकर प्रसाद का जन्म बिहार के बाढ़ शहर में गंगा के किनारे हुआ था। उन्होंने बताया कि बचपन में उनके परिवार को आर्थिक तंगी का सामना करना पड़ा। इन कठिन परिस्थितियों के बावजूद परिवार में पढ़ाई को बहुत महत्व दिया जाता था। प्रसाद ने खुद को एक अच्छा छात्र बताया। पढ़ाई के साथ उन्हें क्रिकेट खेलना और गाना भी पसंद था। एक घटना के बाद उनका परिवार बिहार छोड़कर भोपाल आकर बस गया। उन्होंने काफी मेहनत कर आखिरकार आईआईटी की स्क्रीनिंग परीक्षा पास की और पढ़ाई पूरी करने के बाद 2008 में अपनी पहली नौकरी शुरू की। हालांकि कॉर्पोरेट नौकरी में उन्हें ज्यादा उत्साह नहीं मिला और उनका अधिक समय जिम में बीतने लगा। धीरे-धीरे बॉडीबिल्डिंग उनके लिए एक बड़ा शौक बन गया, जिसने उन्हें मुंबई में मॉडलिंग के कुछ अवसर भी दिलाए।
अमेरिका जाने का किया फैसला
इसके बाद में उन्होंने अमेरिका जाने का फैसला किया, जहां उनकी गर्लफ्रेंड रहती थी। एमबीए करने के लिए टेक्सास जाने से पहले उनका वीजा दो बार खारिज हो गया था, लेकिन आखिरकार 2014 के आसपास वह अमेरिका पहुंचने में सफल रहे। अमेरिका पहुंचने के बाद भी प्रभाकर प्रसाद की ज़िंदगी आसान नहीं रही। उन्होंने कॉर्पोरेट नौकरी की, लेकिन कई बार उन्हें नौकरी से निकाला भी गया। इसी दौरान उनका ब्रेकअप भी हो गया और उन्हें कुछ स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ा। इन सब मुश्किलों के बीच वह अक्सर सोचने लगे कि उनकी जिंदगी किस दिशा में जा रही है। तभी उन्होंने उस चीज के बारे में सोचना शुरू किया, जो इतने वर्षों से उनके जीवन का हिस्सा रही थी।
फिर चाय बेचने का किया फैसला
प्रभाकर प्रसाद के मुताबिक, एक चीज जो हमेशा उनके साथ रही, वह चाय थी। वह जहां भी रहे या जो भी काम किया, अपने लिए चाय जरूर बनाते थे। यह पेय उन्हें घर और पुराने दिनों की याद दिलाता था। जब उनके पास ज्यादा पैसे नहीं बचे, तो उन्होंने कैलिफोर्निया में चाय बेचने का फैसला किया। इसके बाद से वह किसान बाजारों में अपना स्टॉल लगाने लगे और अपने इस सफर की झलक सोशल मीडिया पर भी साझा करने लगे।