महाराष्ट्र के लोणी के रहने वाले धनंजय विखे पाटिल ने मशरूम की खेती का काम बेहद छोटे स्तर से शुरू किया था। 12वीं कक्षा में पढ़ाई के दौरान उन्हें मशरूम उगाने में दिलचस्पी हुई और उन्होंने पुणे में एक दिन की ट्रेनिंग ली। इसके लिए उन्होंने ₹15,000 खर्च कर ऑयस्टर मशरूम का किट खरीदा और घर के सिर्फ 100 वर्ग फुट हिस्से को खेती के लिए इस्तेमाल किया। हालांकि, शुरुआती ट्रेनिंग पर्याप्त नहीं थी और पहली कोशिश में उन्हें सफलता नहीं मिली। इसके बावजूद उन्होंने इस काम को छोड़ने के बजाय अपनी गलतियों को समझा और फिर से शुरुआत करने का फैसला किया। दूसरी कोशिश में उन्होंने कम खर्च में मशरूम स्पॉन खरीदा और करीब 50 बैग तैयार किए।
