UP News: उत्तर प्रदेश के गोरखपुर से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। गोरखपुर के सिद्धार्थनगर में रील बनाने के चक्कर में 5 बच्चे 60 फीट ऊंची पानी की टंकी पर चढ़ गए। इस दौरान टंकी पर चढ़ते ही एक सीढ़ी टूट गई और तीन बच्चे नीचे गिर गए। जबकि 2 बच्चे पानी की टंकी में ही फंस गए। करीब 16 घंटे तक वे कांशीराम आवासीय कालोनी में स्थित टंकी में फंसे रहे।
दोनों किशोरों को रविवार (3 मई) सुबह भारतीय वायुसेना के हेलीकॉप्टर की मदद से सुरक्षित निकाल लिया गया। जवानों ने करीब 16 घंटे तक चले रेस्क्यू अभियान के बाद यह चुनौतीपूर्ण ऑपरेशन पूरा किया गया।
न्यूज एजेंसी ANI के मुताबिक, "एक पानी की टंकी के ऊपर फंसे बच्चों को स्थानीय अधिकारियों और वायु सेना के एक संयुक्त अभियान के बाद सुरक्षित बचा लिया गया। गोरखपुर से आए एक हेलीकॉप्टर ने बच्चों को सुरक्षित रूप से एयरलिफ्ट कर लिया।"
'न्यूज 18' के मुताबिक, पानी के टंकी के आस-पास दलदल है। इस वजह से रेस्क्यू के लिए हाईड्रोलिक क्रेन मंगाई गई थी। लेकिन दलदल के कारण क्रेन टंकी तक पहुंच नहीं पाई। इसके बाद रेस्क्यू के लिए एक स्पेशल सड़क बनाई गई। लेकिन रात 3 बजे बारिश शुरू हो गई, जिस वजह से काम को बीच में ही रोकना पड़ा।
हालांकि, इसके बावजूद जिलाधिकारी (DM) शिवशरणप्पा जीएन और SSP अभिषेक महाजन सहित सभी बड़े अधिकारी मौके पर मौजूद रहे। बारिश खुलने के बाद ऑपरेशन को पूरा किया गया। घटनास्थल पर कई थानों की पुलिस फोर्स भी पूरी रात तैनात रही।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए DM शिवशरणप्पा ने मुख्यमंत्री कार्यालय (CMO) से बात की। इसके बाद वायुसेना का हेलीकॉप्टर गोरखपुर से मंगाया गया। रविवार तड़के करीब 5:20 बजे हेलीकॉप्टर घटनास्थल पर पहुंचा। सेना के जवानों ने तेजी से ऑपरेशन शुरू किया और महज 9 मिनट में ही दोनों बच्चों को सुरक्षित निकाल लिया।
रिपोर्ट के मुताबिक, इस घटना में एक किशोर सिद्धार्थ की दुखद मृत्यु हो चुकी है। वहीं, दो बच्चों शनि और गोलू का इलाज माधव प्रसाद त्रिपाठी मेडिकल कालेज में चल रहा है। उनकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है।
अधिकारियों ने बताया कि शोर सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और घायल हालत में पड़े गोलू (12), सनी (14) और सिद्धार्थ (10) को फौरन मेडिकल कॉलेज ले गए। वहां सिद्धार्थ को डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया। जबकि गोलू और सनी की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें गोरखपुर के बड़े अस्पताल में रेफर कर दिया गया है।
जिलाधिकारी शिवशरणप्पा ने बताया कि टंकी पर फंसे रह गए पवन (14) और शाबान (12) को नीचे उतारने के लिए वैकल्पिक मार्ग बनाने का प्रयास किया जा रहा था। लेकिन अचानक हुई बारिश के कारण कार्य बाधित हो गया जिसके बाद स्थिति को देखते हुए तत्काल सेना के हेलीकॉप्टर की सहायता लेने का निर्णय लिया गया।
जिलाधिकारी ने बताया कि हालात को देखते हुए उन्होंने CMO और राहत एवं आपदा विभाग से फोन पर बात करके गोरखपुर से वायुसेना का हेलीकॉप्टर मंगवाया। उन्होंने बताया कि उनके अनुरोध पर हेलीकॉप्टर भेजा गया। फिर उसकी मदद से कड़ी मशक्कत के बाद रविवार सुबह करीब 5 बजकर 20 मिनट पर टंकी पर फंसे दोनों लड़कों को सकुशल नीचे उतार लिया गया।