सड़क पर लाल, पीली और हरी बत्ती हमारे रोजमर्रा के जीवन का इतना सामान्य हिस्सा है कि शायद ही कभी मन में सवाल आता हो कि ट्रैफिक सिग्नल के लिए आखिर इन्हीं तीन रंगों को क्यों चुना गया। लेकिन इन रंगों के पीछे की कहानी काफी दिलचस्प और पुरानी है। आज से एक सदी से भी पहले, जब शहरों की सड़कें कारों, साइकिलों, घोड़ागाड़ियों, ट्राम और पैदल यात्रियों से तेजी से भरने लगी थीं, तब यातायात को संभालना बड़ी चुनौती बन गया था। हर तरफ बढ़ती भीड़ के बीच दुर्घटनाओं का खतरा भी बढ़ रहा था।
