Bangladesh Unrest: बांग्लादेश के चटगांव में स्थित भारतीय वीजा ऑपरेशन अगले आदेश तक सस्पेंड कर दिए गए हैं। युवा छात्र नेता शरीफ उस्मान हादी की मौत के बाद बांग्लादेश में हुई हिंसा की घटनाओं में कई मीडिया हाउस और राजनीतिक कार्यालयों को आग के हवाले कर दिया गया। इसके बाद भारत सरकार ने भारतीय वीजा ऑपरेशन सस्पेंड करने की घोषणा की है। बांग्लादेश की राजधानी ढाका में प्रमुख युवा नेता और 'इंकलाब मंच' के प्रवक्ता शरीफ उस्मान हादी को शनिवार को राष्ट्रीय कवि काजी नजरूल इस्लाम की कब्र के बगल में दफनाया गया।
गुरुवार देर रात बांग्लादेश में हिंसा फैलने के साथ ही प्रदर्शनकारियों ने चटगांव में भारतीय सहायक उच्चायोग पर हमला किया। पिछले साल एक विद्रोह में पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना को हटाए जाने के बाद से पड़ोसी देश में राजनयिक तनाव बढ़ गया है। इमारत में घुसने की कोशिश कर रही एक बड़ी भीड़ को सुरक्षा बलों ने पीछे धकेल दिया।
हिंसा के बाद भारत सरकार ने अपनी वेबसाइट पर एक अपडेट में कहा, "AHCI चटगांव में हाल ही में हुई सुरक्षा घटना के कारण इंडियन वीजा एप्लीकेशन सेंटर (IVAC) चटगांव में भारतीय वीजा ऑपरेशन 21/12/2025 से अगले आदेश तक सस्पेंड रहेंगे। स्थिति की समीक्षा के बाद वीजा केंद्र को फिर से खोलने की घोषणा की जाएगी।"
हाल के दिनों में बांग्लादेश की राजधानी ढाका में भारतीय उच्चायोग के साथ-साथ चटगांव, खुलना और राजशाही में सहायक उच्चायोगों के पास भी विरोध प्रदर्शन हुए हैं। इसमें प्रदर्शनकारी पिछले हफ्ते उस्मान हादी पर हुए जानलेवा हमले के बाद सड़कों पर उतर आए हैं।
गुरुवार को भारत ने ढाका में अपने वीजा एप्लीकेशन सेंटर (IVAC) में ऑपरेशन फिर से शुरू कर दिए। इसे भारत विरोधी मार्च को लेकर सुरक्षा चिंताओं के कारण अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया था। ढाका में जमुना फ्यूचर पार्क (JFP) में स्थित IVAC राजधानी में सभी भारतीय वीजा सर्विस के लिए मुख्य केंद्र के रूप में काम करता है।
दर्जनों प्रदर्शनकारियों ने राजशाही में भारतीय सहायक उच्चायुक्त के कार्यालय तक मार्च करने की कोशिश की। उन्होंने भारत से शेख हसीना को वापस भेजने की मांग की। कुछ समय से ढाका और अन्य हिस्सों में भी इसी तरह के भारत विरोधी विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं।
बांग्लादेश में पांच IVAC केंद्र हैं। ढाका, खुलना और राजशाही के अलावा अन्य दो उत्तर-पूर्वी बंदरगाह शहर चटोग्राम और उत्तर-पूर्वी सिलहट में हैं। छात्रों के विरोध प्रदर्शनों के बाद 5 अगस्त, 2024 को शेख हसीना के नेतृत्व वाली सरकार गिरने के बाद से भारत-बांग्लादेश संबंध तनावपूर्ण हो गए हैं।
हसीना सत्ता से हटाए जाने के बाद भारत भाग आई थीं। तब से वह नई दिल्ली में एक गुप्त सेफ हाउस में रह रही हैं। पिछले हफ्ते हुए हमले के बाद शरीफ उस्मान हादी के हमलावरों के भारत भाग जाने के आरोपों के बाद तनाव और बढ़ गया है। अपनी प्रतिक्रिया में नई दिल्ली ने जोर देकर कहा कि उसने कभी भी अपने क्षेत्र का इस्तेमाल बांग्लादेश के हितों के खिलाफ गतिविधियों के लिए नहीं होने दिया है।
भारतीय उच्चायोग की सुरक्षा बढ़ाई गई
शरीफ उस्मान हादी की मौत के बाद बढ़े तनाव के चलते बांग्लादेश के सिलहट में भारतीय सहायक उच्चायोग कार्यालय और वीजा आवेदन केंद्र पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है। 'ढाका ट्रिब्यून' अखबार के अनुसार, सिलहट मेट्रोपॉलिटन पुलिस के अतिरिक्त उपायुक्त (मीडिया) सैफुल इस्लाम ने कहा कि सुरक्षा के कड़े इंतजाम इसलिए किए गए हैं ताकी कि कोई तीसरा पक्ष स्थिति का फायदा न उठा सके।
गुरुवार को हादी की मौत के बाद गण अधिकार परिषद (पीपल्स राइट्स काउंसिल) ने सहायक उच्चायोग कार्यालय को घेरने की योजना की घोषणा की थी। हादी पिछले साल छात्र-नेतृत्व वाले विरोध प्रदर्शनों के एक प्रमुख नेता था। वह 12 फरवरी को होने वाले आम चुनावों में उम्मीदवार था।