Sheikh Hasina Verdict: बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना पर देशद्रोह के मामले में आज अदालत का फैसला आने वाला है। इस हाई-प्रोफाइल मामले को देखते हुए पूरे बांग्लादेश में सुरक्षा को हाई अलर्ट पर रखा गया है और किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए पुलिस को गोली चलाने तक के आदेश दिए गए हैं। 78 वर्षीय हसीना बांग्लादेश में सबसे लंबे समय तक सत्ता में रहने वाली नेता रही हैं, लेकिन पिछले साल छात्रों के विरोध प्रदर्शन के बाद उन्हें देश छोड़ने के लिए मजबूर होना पड़ा था।
शेख हसीना का समर्थकों के नाम इमोशनल ऑडियो मैसेज
अदालत के फैसले से कुछ घंटे पहले, शेख हसीना ने अवामी लीग के फेसबुक पेज पर एक भावनात्मक ऑडियो संदेश जारी किया। उन्होंने अपने पार्टी समर्थकों को एकजुटता का संदेश देते हुए कहा, 'डरने की कोई बात नहीं है, 'मैं जिंदा हूं, मैं जिंदा रहूंगी... मैं देश के लोगों का साथ दूंगी।' उन्होंने अवामी लीग की पिछली रैलियों के लिए समर्थकों की प्रशंसा की और उन्हें मौजूदा अंतरिम सरकार का सामना करने के लिए प्रेरित किया।
हसीना पर ट्रिब्यूनल के फैसले से पहले अवामी लीग ने सोमवार को देशव्यापी बंद का आह्वान किया है, जिसे वह राजनीतिक रूप से प्रेरित मुकदमे के खिलाफ विरोध बता रही है। हसीना ने अपने संबोधन में कहा, 'हमने विरोध का आह्वान किया है, मुझे आशा है कि बांग्लादेश की जनता इस कार्यक्रम को पूरा करेगी और इन सूदखोरों, हत्यारों, आतंकवादियों, यूनुस और उसके साथ खड़े लोगों को दिखा देगी।' उन्होंने विश्वास जताया कि अवामी लीग को राजनीति करने से रोकना इतना आसान नहीं है, क्योंकि 'यह अवामी लीग जनता की मिट्टी से बनी है। इसकी जड़ें बहुत गहरी हैं।'
बांग्लादेश को 'उग्रवादी राज्य' में बदलने की हो रही साजिश
शेख हसीना ने मुहम्मद यूनुस के नेतृत्व वाली अंतरिम सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने आरोप लगाया कि यूनुस और अंतरिम सरकार ने उन्हें सत्ता से हटाने और पार्टी कार्यकर्ताओं को प्रताड़ित करने की साजिश रची। हसीना ने आरोप लगाया कि बांग्लादेश को एक उग्रवादी राज्य में बदला जा रहा है। उन्होंने सरकार पर हत्याओं और आगजनी के दोषियों को संरक्षण देने का भी आरोप लगाया। उन्होंने कहा, 'जिन लोगों ने एक के बाद एक पुलिसकर्मियों, वकीलों, पत्रकारों, सांस्कृतिक कार्यकर्ताओं की हत्या की, उनके परिवारों को कभी न्याय नहीं मिलेगा।'