'अपने बच्चों को जहन्नुम में न भेजें...', अमेरिका के ईरान में जमीनी हमले की संभावनाओं पर IRGC ने दी कड़ी चेतावनी

Iran Warns US-Israel: एक तरफ ईरान धमकियां दे रहा है, तो दूसरी तरफ अमेरिका की सैन्य हलचल तेज हो गई है। रिपोर्ट के अनुसार, पेंटागन अपनी 82nd एयरबोर्न डिवीजन के सैनिकों को मिडिल ईस्ट भेजने की तैयारी कर रहा है। खबरें हैं कि अमेरिका ईरान के रणनीतिक खर्ग द्वीप पर जमीनी ऑपरेशन करने पर विचार कर रहा है, जो ईरान के तेल निर्यात का मुख्य केंद्र है

अपडेटेड Mar 26, 2026 पर 1:03 PM
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IRGC ने चेतवानी दी है कि अगर अमेरिकी-इजरायली सैनिकों ने ईरान की धरती पर कदम रखा, तो उन्हें 'समुद्र' में डुबो दिया जाएगा

IRGC Warns US-Israel: मिडिल ईस्ट में शुरू हुए जंग को आज 27 दिन हो चुके है और अभी भी तनाव चरम पर है। ईरान और अमेरिका-इजरायल दोनों गुटों से तीखी बायनबाजियों का दौर जारी है। ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने अमेरिका और इजरायल को नई चेतावनी दी है। IRGC ने कहा है कि अगर अमेरिका-इजरायल ने ईरान की धरती पर कदम रखा, तो उनके सैनिकों को 'समुद्र' में डुबो दिया जाएगा।

'अपनी जनता को गुमराह कर रहे हैं ट्रंप-नेतन्याहू'

ईरानी सेना ने अमेरिकी और इजरायली जनता को संबोधित करते हुए एक तीखा बयान जारी किया है। IRGC ने कहा, 'ट्रंप और नेतन्याहू के धोखे में आकर अपने बच्चों को जहन्नुम न भेजें। हमलावर सैनिक ईरानी जनता के समंदर में डूबकर गायब हो जाएंगे।' बयान में आरोप लगाया गया कि डोनाल्ड ट्रंप और बेंजामिन नेतन्याहू जैसे 'युद्धखोर' नेता अपनी जनता को गुमराह कर रहे हैं। ईरान ने कहा कि युद्ध का असली असर अमेरिकी गैस स्टेशनों, ईरान की सड़कों और तेल अवीव के आसमान में देखा जा सकता है।


क्या अमेरिका करेगा जमीनी हमला?

एक तरफ ईरान की धमकियां हैं, तो दूसरी तरफ अमेरिका की सैन्य हलचल तेज हो गई है। CBS की रिपोर्ट के अनुसार, पेंटागन अपनी 82nd एयरबोर्न डिवीजन के सैनिकों को मिडिल ईस्ट भेजने की तैयारी कर रहा है। खबरें हैं कि अमेरिका ईरान के रणनीतिक खर्ग द्वीप पर जमीनी ऑपरेशन करने पर विचार कर रहा है, जो ईरान के तेल निर्यात का मुख्य केंद्र है।

मिसाइलों की हो रही बारिश

IRGC ने दावा किया है कि उसने इजरायल के खिलाफ अपने हमलों का दायरा बढ़ा दिया है। ईरान की इमाद, कयाम और खोर्रमशहर-4 जैसी सटीक मिसाइलों ने इजरायल के हाइफा, डिमोना और तेल अवीव के उत्तरी-दक्षिणी इलाकों में 70 से ज्यादा जगहों को निशाना बनाया। जंग शुरू होने से अब तक ईरान ने 700 मिसाइलें और 3,600 ड्रोन दागने का दावा किया है। ईरान का दावा है कि उसने दुश्मन के 200 से ज्यादा विमानों और क्रूज मिसाइलों को मार गिराया है।

'कोई बातचीत नहीं होगी': ईरान

ट्रंप के बातचीत वाले दावों के बीच ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने सख्त रुख अपनाया है। अराघची ने साफ कर दिया कि फिलहाल कोई बातचीत या युद्धविराम नहीं हो रहा है। ईरान अपनी 'प्रतिरोध' की नीति जारी रखेगा। उन्होंने कहा कि बिना किसी ठोस और विश्वसनीय गारंटी के बातचीत का सवाल ही पैदा नहीं होता। क्षेत्रीय देशों के कई विदेश मंत्रियों ने तेहरान से संपर्क किया है, लेकिन ईरान अपने स्टैंड पर कायम है।

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