Middle East War: 'हम जल्द ही स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को खुलवा लेंगे'; ट्रंप ने चीन और UK से की युद्धपोत भेजने की अपील
Israel-US Iran War: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ब्रिटेन और चीन समेत कई अन्य देशों से होर्मुज़ जलडमरूमध्य को खुला रखने में मदद के लिए युद्धपोत भेजने की अपील की है। अपने Truth Social प्लेटफॉर्म पर एक पोस्ट में ट्रंप ने इस अहम जलमार्ग में जहाजरानी में आई रुकावट से प्रभावित देशों से अपील की है कि वे अमेरिका के साथ मिलकर अपने नौसैनिक जहाज तैनात करें
Israel-US Iran War: ईरान के साथ तनाव बढ़ने पर राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दुनिया भर के देशों से युद्धपोतों को लेकर होर्मुज जाने की अपील की है
Israel-US Iran War: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने होर्मुज जलडमरूमध्य (स्ट्रेट ऑफ होर्मुज) को बंद करने के ईरान के प्रयास से प्रभावित देशों से आग्रह किया है कि वे वैश्विक तेल आपूर्ति के लिए महत्वपूर्ण इस संकरे समुद्री मार्ग को सुरक्षित करने के लिए जहाज भेजें। अमेरिका और इजरायल का ईरान के खिलाफ युद्ध तीसरे सप्ताह में प्रवेश कर गया है।
ट्रंप ने 'ट्रुथ सोशल' पर एक पोस्ट में चीन, फ्रांस, जापान, दक्षिण कोरिया, ब्रिटेन और अन्य देशों से होर्मुज जलडमरूमध्य में जहाज भेजने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि अमेरिका तटरेखा पर बमबारी जारी रखेगा। ट्रंप ने कहा कि अमेरिका ईरानी जहाजों एवं नौकाओं को निशाना बनाएगा।
अमेरिका एवं इजरायल ने 28 फरवरी को ईरान पर एक बड़ा संयुक्त हमला शुरू किया था। ईरान की जवाबी कार्रवाई के साथ यह पूरे खाड़ी क्षेत्र में फैल गया है। ईरानी हमलों ने होर्मुज जलडमरूमध्य में समुद्री ट्रैफिक को प्रभावित किया है। यह कच्चे तेल की वैश्विक सप्लाई चैन के लिए महत्वपूर्ण है। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं है कि इस संबंध में कोई औपचारिक समझौता हुआ है या राष्ट्रपति ट्रंप ही ऐसा चाहते हैं।
ट्रंप ने दावा किया कि अमेरिका, ईरान की सैन्य क्षमता को शत प्रतिशत नष्ट कर चुका है। लेकिन चाहे वे कितने भी बुरी तरह पराजित क्यों न हो जाएं। उनके लिए एक-दो ड्रोन भेजना, बारूदी सुरंग गिराना या इस जलमार्ग में कहीं भी निकट दूरी की मिसाइल दागना आसान है।
उन्होंने कहा, "उम्मीद है कि चीन, फ्रांस, जापान, दक्षिण कोरिया, ब्रिटेन और अन्य देश इस क्षेत्र में जहाज भेजेंगे ताकि होर्मुज जलडमरूमध्य एक ऐसे राष्ट्र के लिए खतरा न रहे जिसे पूरी तरह से नष्ट कर दिया गया है।"
ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर एक अन्य पोस्ट में कहा, "अमेरिका ने ईरान को सैन्य, आर्थिक और हर तरह से हरा दिया है। ईरान को पूरी तरह से नष्ट कर दिया है। लेकिन दुनिया के जिन देशों को होर्मुज जलडमरूमध्य के माध्यम से तेल प्राप्त होता है, उन्हें उस मार्ग का ध्यान रखना चाहिए। हम बहुत मदद करेंगे।"
उन्होंने कहा कि वाशिंगटन अन्य देशों के साथ समन्वय करेगा ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि जलमार्ग के माध्यम से शिपिंग जल्दी, सुचारू रूप से और अच्छी तरह से जारी रहे। उन्होंने कहा, "अमेरिका उन देशों के साथ भी समन्वय करेगा ताकि सब कुछ जल्दी, सुचारू रूप से और अच्छी तरह से हो सके। यह हमेशा एक टीम प्रयास होना चाहिए था, और अब यह होगा - यह विश्व को सद्भाव, सुरक्षा और चिरस्थायी शांति की ओर एक साथ लाएगा!"
एक अन्य पोस्ट में अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि तेल शिपमेंट में व्यवधान से प्रभावित कई देश जलडमरूमध्य को खुला रखने के लिए क्षेत्र में नौसेना बल भेज सकते हैं। उन्होंने कसम खाई कि संयुक्त राज्य अमेरिका होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलने के लिए भारी बल का उपयोग करेगा।
ट्रंप ने चेतावनी दी है कि ईरान द्वारा जलमार्ग के माध्यम से ट्रैफिक को बाधित करने के प्रयास के बाद महत्वपूर्ण तेल मार्ग खुला रहे यह सुनिश्चित करने के लिए यदि आवश्यक हुआ तो वाशिंगटन तटरेखा से बाहर बमबारी करेगा। ट्रंप ने कहा कि कई देश ईरान द्वारा होर्मुज जलडमरूमध्य को बंद करने के प्रयास से प्रभावित हैं। इसको खुला और सुरक्षित रखने के लिए संयुक्त राज्य अमेरिका के साथ मिलकर युद्ध जहाज भेजेंगे।
हमने होर्मुज से कुछ जहाजों को गुजरने की अनुमति दी: ईरानी राजदूत
पश्चिम एशिया में बढ़ते संघर्ष के बीच भारत में ईरान के राजदूत मोहम्मद फथली ने शनिवार को कहा कि ईरान ने रणनीतिक व्यापार मार्ग होर्मुज जलडमरूमध्य से कुछ जहाजों को गुजरने की अनुमति दी है। उन्होंने हालांकि यह नहीं बताया कि कितने जहाजों को गुजरने की अनुमति दी गई है। फथली से 'इंडिया टुडे कॉन्क्लेव 2026' में आयोजित एक संवाद सत्र के दौरान पूछा गया कि क्या ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य में फंसे भारतीय जहाजों को गुजरने की अनुमति दी है और कितने दिनों के लिए?
इस पर उन्होंने कहा, "हां, हमने अनुमति दी है, लेकिन मैं यह नहीं बताऊंगा कि कितने जहाजों को।" फथली ने सत्र के दौरान मुख्यतः फारसी में टिप्पणी की, जिसका अंग्रेजी में अनुवाद भारत में ईरानी दूतावास के उप मिशन प्रमुख जावद हुसैनी ने किया। पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के कारण होर्मुज जलडमरूमध्य में भारतीय ध्वज वाले कई जहाज फंसे हुए हैं। फथली ने शुक्रवार को पत्रकारों से कहा था, "हम इस समस्या को हल करने के लिए हरसंभव प्रयास करेंगे।"