Get App

क्या होर्मुज की नाकेबंदी ट्रंप की बड़ी भूल? अमेरिका के 'चोकहोल्ड' प्लान से दुनिया भर में मचेगी खलबली!

Trump Iran Naval Blockade: ट्रंप के दांव के जवाब में ईरान ने जो तेवर दिखाए हैं, उसने दुनिया की चिंता बढ़ा दी है। ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने चेतावनी दी है कि, अगर ईरान के जहाजों को रोका गया, तो वे सिर्फ फारस की खाड़ी ही नहीं, बल्कि ओमान की खाड़ी और लाल सागर को भी ब्लॉक कर देंगे

Curated By: Abhishek Guptaअपडेटेड Apr 16, 2026 पर 12:49 PM
क्या होर्मुज की नाकेबंदी ट्रंप की बड़ी भूल? अमेरिका के 'चोकहोल्ड' प्लान से दुनिया भर में मचेगी खलबली!
शुरुआती संकेतों से लग रहा है कि ट्रंप का नाकेबंदी वाला दांव उल्टा पड़ रहा है

Hormuz Blockade: ईरान-अमेरिका के बीच पहले दौर की शांति वार्ता फेल होने के बाद ट्रंप ने एक बड़ा एक्शन लिया। राष्ट्रपति ट्रंप ने 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज' में ईरान से जुड़े सभी जहाजों की नौसैनिक नाकेबंदी करने का ऐलान किया। अब यह फैसला एक बड़ा जुआ साबित हो रहा है। ट्रंप का मकसद ईरान की आर्थिक रीढ़ यानी 'तेल के खेल' को पूरी तरह खत्म करना था, लेकिन शुरुआती संकेतों से लग रहा है कि यह दांव उल्टा पड़ सकता है। वैश्विक ऊर्जा बाजार में इस कदम से भरोसे के बजाय घबराहट पैदा हो गई है और ईरान ने पीछे हटने के बजाय युद्ध को और फैलाने की धमकी दे दी है।

'आर्थिक गला घोंटो और समझौते पर लाओ'

ट्रंप की रणनीति पुरानी 'मैक्सिमम प्रेशर' वाली नीति पर आधारित है। 28 फरवरी को इजरायल के साथ मिलकर शुरू की गई इस जंग में अब वे ईरान को पूरी तरह अलग-थलग करना चाहते हैं। उनका मकसद ईरान के तेल राजस्व को शून्य पर लाना था ताकि वह अपनी बात मानने के लिए मजबूर हो जाए। ट्रंप ने ये तक कहा कि नाकेबंदी को चुनौती देने वाले किसी भी ईरानी जहाज को 'तबाह' कर दिया जाएगा। उन्हें लगता है कि इस दबाव से ईरान जल्द ही उनके पास एक नई 'डील' के लिए आएगा।

'सिर्फ होर्मुज नहीं, लाल सागर भी होगा बंद'

सब समाचार

+ और भी पढ़ें