ईरान ने अमेरिका के साथ दूसरे दौर की बातचीत करने के लिए अभी मना कर दिया है। ये फैसला उस ऐलान के बाद आया है, जब IRGC ने होर्मुज स्ट्रेट को फिर से खोलने के अपने फैसले को वापस ले लिया था। ईरान की तस्नीम न्यूज एजेंसी को एक ईरानी सूत्र ने बताया कि अभी तक दूसरी बैठक के लिए तेहरान की ओर से हां नहीं कहा गया है।
सूत्र ने आगे कहा कि अमेरिका ने पहले दौर की बातचीत में बहुत ज्यादा मांगें रखी थीं। ईरान का कहना है कि जब तक अमेरिका उन अतिरिक्त मांगों को वापस नहीं लेता, तब तक दूसरी दौर की बातचीत नहीं होगी। ईरान ने अपनी ये शर्तें पाकिस्तान के एक मध्यस्थ के जरिए अमेरिका को बता दी हैं।
सूत्र ने कहा, “हमने पाकिस्तानी मध्यस्थ के माध्यम से अमेरिकी पक्ष को बता दिया है कि हम दूसरी दौर की बातचीत के लिए तैयार नहीं हैं।”
ईरान ने फिर से बंद किया होर्मुज
इससे ठीक पहले ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को फिर से खोलने का फैसला बहुत जल्दी बदल दिया। शनिवार को ईरान ने इस महत्वपूर्ण स्ट्रेट पर फिर से सख्त पाबंदियां लगा दीं।
ईरान के ज्वाइंट मिलिट्री हेडक्वार्टर ने शनिवार को कहा कि होर्मुज जलडमरूमध्य अब फिर से पहले वाली स्थिति में आ गया है। अब यह “ईरानी सशस्त्र बलों के सख्त प्रबंधन और नियंत्रण” में है।
ईरान ने चेतावनी दी है कि जब तक अमेरिका ईरानी बंदरगाहों पर अपनी नाकाबंदी नहीं हटाता, तब तक इस जलडमरूमध्य से जहाजों का आना-जाना बंद ही रहेगा।
ट्रंप के एक बयान ने बिगाड़ी बात
कल शुक्रवार को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा था कि ईरानी बंदरगाहों पर अमेरिका की नाकाबंदी “पूरी तरह बरकरार रहेगी”।
उन्होंने साफ कहा कि जब तक ईरान अमेरिका के साथ कोई समझौता नहीं करता- जिसमें उसके परमाणु कार्यक्रम पर भी बात शामिल है- तब तक नाकाबंदी नहीं हटेगी।
ट्रंप के इस बयान के कुछ घंटों बाद ही ईरान ने अपना फैसला पलट दिया और हॉर्मुज जलडमरूमध्य पर फिर से सख्ती कर दी।
इसी के साथ पाकिस्तानी सेना के फील्ड मार्शल आसिम मुनीर ने तेहरान का अपना दौरा पूरा कर लिया है। इस दौरे के दौरान उन्होंने ईरान के वरिष्ठ नेताओं से मुलाकात की।
पाकिस्तानी सेना के मुताबिक, यह विजिट ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव को कम करने के प्रयास का हिस्सा था।
पाकिस्तानी सेना ने शनिवार को कहा कि यह दौरा क्षेत्र में शांति, स्थिरता और बातचीत के जरिए विवाद सुलझाने के प्रति पाकिस्तान की प्रतिबद्धता को दिखाता है। इस डेलिगेशन में पाकिस्तान के गृह मंत्री मोहसिन नकवी भी आसिम मुनीर के साथ थे।