India-US Trade Deal: अमेरिकी राजनीति में आज उस समय हड़कंप मच गया जब रिपब्लिकन सीनेटर टेड क्रूज का एक ऑडियो लीक हुआ। इस 10 मिनट की रिकॉर्डिंग में क्रूज ने दावा किया है कि भारत और अमेरिका के बीच होने वाले ऐतिहासिक व्यापार समझौते में किसी और ने नहीं, बल्कि खुद उपराष्ट्रपति जेडी वेंस, व्यापार सलाहकार पीटर नवारो और कभी-कभी खुद राष्ट्रपति ट्रंप ने अड़ंगा लगाया था।
'भारत के साथ डील में व्हाइट हाउस बना दीवार'
लीक हुए ऑडियो में टेड क्रूज निजी दानदाताओं से बात करते हुए ट्रंप प्रशासन की आंतरिक कलह को उजागर कर रहे हैं। जब एक डोनर ने पूछा कि भारत के साथ समझौते को कौन रोक रहा है, तो क्रूज ने सीधे तौर पर पीटर नवारो और जेडी वेंस का नाम लिया। उन्होंने यह भी कहा कि खुद ट्रंप भी कभी-कभी इस समझौते को आगे बढ़ाने में अनिच्छुक रहे। क्रूज ने ट्रंप की 'टैरिफ-सेंट्रिक' नीति की आलोचना की। बता दें कि रूस से तेल खरीदने के कारण अमेरिका ने भारत पर 50% तक टैरिफ लगा दिए थे, जिसे क्रूज हटाना चाहते थे।
क्रूज ने कहा, 'मैं व्हाइट हाउस से इस डील के लिए लड़ रहा हूं, लेकिन वहां से इसे लगातार ब्लॉक किया जा रहा है।'
'अगर ऐसा हुआ तो रिपब्लिकन पार्टी का हो जाएगा सूपड़ा साफ'
ऑडियो में क्रूज ने अप्रैल 2025 की एक आधी रात वाली फोन कॉल का भी जिक्र किया, जिसमें उन्होंने ट्रंप को चेतावनी दी थी। क्रूज ने ट्रंप से कहा कि अगर टैरिफ के कारण महंगाई बढ़ी और शेयर बाजार गिर गया, तो नवंबर 2026 के मिडटर्म चुनाव में रिपब्लिकन पार्टी का सूपड़ा साफ हो जाएगा। क्रूज के अनुसार, इस चेतावनी पर ट्रंप काफी भड़क गए, उन्होंने चिल्लाते हुए गाली-गलौज की और क्रूज की बात को सिरे से खारिज कर दिया।
क्रूज ने ट्रंप द्वारा टैरिफ लागू करने के दिन को 'लिबरेशन डे' कहने का मजाक उड़ाया और अपने स्टाफ को यह शब्द कभी न इस्तेमाल करने की सख्त हिदायत दी।
सीनेटर टेड क्रूज और उपराष्ट्रपति जेडी वेंस के बीच का हालिया विवाद केवल व्यक्तिगत नहीं, बल्कि रिपब्लिकन पार्टी के भीतर भविष्य की दिशा को लेकर एक गहरी वैचारिक खाई को दर्शाता है। लीक हुए ऑडियो के अनुसार, जहां क्रूज भारत को एक 'स्वाभाविक सहयोगी' मानते हुए व्यापारिक बाधाओं को हटाने और द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने की वकालत कर रहे हैं, वहीं जेडी वेंस और पीटर नवारो जैसे नेता 'अमेरिका फर्स्ट' की संरक्षणवादी नीति पर अड़े हैं, जिसमें वे टैरिफ को सुधार के बजाय एक दंडात्मक हथियार के रूप में देखते हैं। इसके अतिरिक्त, टेड क्रूज जहां पारंपरिक हस्तक्षेपवादी विदेश नीति और वैश्विक मुक्त व्यापार के समर्थक हैं, वहीं जेडी वेंस को वे टकर कार्लसन का 'चेला' बताते हुए एक पृथकतावादी नेता के रूप में चित्रित कर रहे हैं, जो अमेरिका को वैश्विक जिम्मेदारियों से दूर ले जाना चाहते हैं।
दावोस में ट्रंप के दावे और हकीकत का अंतर
दिलचस्प बात यह है कि यह ऑडियो ऐसे समय में आया है जब हाल ही में दावोस में राष्ट्रपति ट्रंप ने पीएम मोदी की जमकर तारीफ की थी और कहा था कि 'हम एक बहुत अच्छी डील करने जा रहे हैं।' लेकिन क्रूज के खुलासे बताते हैं कि पर्दे के पीछे वेंस और नवारो की संरक्षणवादी टीम इस समझौते को पटरी से उतारने में लगी है।