यूनियन बजट 2025 से पहले स्टॉक मार्केट्स में सेंटीमेंट कमजोर है। इस बार मार्केट प्री-बजट रैली नहीं दिख रही। निवेशकों को यह समझ नहीं आ रहा कि कहां निवेश करने पर अच्छी कमाई हो सकती है। मनीकंट्रोल ने इस बारे में जानने के लिए मिरे असेट इनवेस्टमेंट मैनेजर्स (इंडिया) के सीईओ स्वरूप मोहंती से बातचीत की। उनसे यूनियन बजट में सरकार के फोकस के बारे में पूछा। उनसे यह भी पूछा कि मौजूदा माहौल में निवेशकों को किस तरह की स्ट्रेटेजी अपनानी चाहिए।
यह शेयरों में निवेश बढ़ाने का साल
मोहंती ने कहा कि साल 2025 निवेश बढ़ाने का साल है। इस मार्केट उन निवेशकों को अच्छा फायदा होगा, जो एसेट एलोकेशन पर फोकस करेंगे। मार्केट में निवेश के लिए सही मौके का इंतजार करने वाले निवेशक पैसे गंवाएंगे। उन्होंने कहा कि पिछले कई हफ्तों की गिरावट के बाद मार्केट का लेवल अपेक्षाकृत बेहतर हुआ है। पिछले साल के मुकाबले मार्जिन ऑफ सेफ्टी भी ज्यादा है। हालांकि, यह नहीं कहा जा सकता कि इंडियन मार्केट सस्ता हो गया है। NSE 500 अपने सबसे हाई लेवल से करीब 14 फीसदी गिरा है। लेकिन, बीते दो साल में यह अब भी करीब 40 फीसदी ऊपर है।
शानदार कंपनियों के स्टॉक्स सस्ते भाव पर
अभी निवेश के मौके कहां दिख रहे हैं? इसके जवाब में मोहंती ने कहा कि मार्केट में निवेश के शानदार मौके हैं। अच्छी कंपनियों के शेयर कम प्राइस पर मिल रहे हैं। मार्केट में पब्लिक इश्यू आ रहे हैं। इंडिया कम से कम दो साल तक पब्लिक इश्यू के लिहाज से सबसे बड़ा मार्केट बना रहेगा। आगे कोर सेकटर्स की चमक बढ़ने जा रही है। ग्रोथ में कंजम्पशन और इंफ्रास्ट्रक्चर का सबसे ज्यादा योगदान बना रहेगा। हेल्थकेयर स्टॉक्स का प्रदर्शन अच्छा रहेगा।
हेल्थ-एजुकेशन के लिए बढ़ेगा ऐलोकेशन
यूनियन बजट से आपको क्या उम्मीदें हैं? मोहंती ने जवाब में कहा कि सरकार को कुछ बड़े कदम उठाने होंगे, क्यों सेंटिमेंट थोड़ा खराब है। चूंकि, आगे कोई चुनाव नहीं है, जिससे सरकार इस साल बड़े फैसलों को लागू कर सकती है। हेल्थ और एजुकेशन के लिए ऐलोकशन बढ़ने की उम्मीद है।
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ये नियम फिर से लागू हो सकते हैंं
पिछले साल यूनियन बजट से पहले हमें लॉन्ग टर्म-डेट टैक्सेशन के पुराने नियम फिर से लागू होने की उम्मीद थी। लेकिन, सरकार ने ऐसा नहीं किया। सरकार ने इंडेक्सेशन बेनेफिट खत्म कर दिया, जो एक बड़ा झटका था। मेरा मानना है कि आम आदमी को पैसे की टाइम वैल्यू बताने के लिहाज से इंडेक्सेशन की बड़ी भूमिका है। मुझे उम्मीद है कि सरकार इस बजट में फिर से इसे लागू करेगी।