हर साल जब वित्त मंत्री संसद में देश का लेखा-जोखा पेश करते हैं, तो पूरी दुनिया की नजरें 'बजट' पर टिकी होती हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि जिस 'बजट' शब्द को आज हम अर्थव्यवस्था की धुरी मानते हैं, वो कहां से आया और कैसे मजाक-मजाक में ये शब्द आज हर देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ बन गया। बजट का सीधा संबंध किसी गणित के आंकड़े से नहीं, बल्कि एक चमड़े के बैग से है? जी हां, बजट का इतिहास जितना पुराना है, उतना ही दिलचस्प भी।
