Board Exam 2026: इस साल 10वीं कक्षा के छात्र अपने शैक्षिक जीवन का बेहद अहम पड़ाव पार करेंगे। इस परीक्षा के नतीजे छात्रों के भविष्य की दिशा तय करते हैं। इसके बाद ही छात्रों को आगे के विषय चुनने का अधिकार मिलता है और उसके आधार पर उनके करियर के विकल्प खुलते हैं। सबसे अहम बात यह है कि इस कक्षा में ऐसा लगता है कि सिलेबस खत्म ही नहीं हो पा रहा है। ऐसे में रिवीजन कब और कैसे होगा? ये सवाल बहुत बड़ा हो जाता है। इसलिए छात्रों को बोर्ड परीक्षा से पहले कम समय में रिवाइज करने के लिए साफ रणनीति बनानी चाहिए। क्योंकि अक्सर, समस्या कोशिश की कमी नहीं, बल्कि सही रिवीजन के तरीके की कमी होती है। इसलिए आखिरी महीनों में स्मार्ट और फोकस्ड रिवीजन जरूरी हो जाता है। यहां नौ आसान रिवीजन ट्रिक्स दी गई हैं जो 10वीं कक्षा के हर के छात्र को बोर्ड परीक्षा की अच्छी तैयारी में मदद करेंगी।
रिवीजन का टाइमटेबल : एक सही टाइमटेबल टाइम मैनेज करने में छात्रों की मदद करता है। हर दिन को छोटे-छोटे स्टडी स्लॉट में बांटें और उसी हिसाब से विषय तय करें। जो विषय या चैप्टर में मुश्किल लग रहे हैं, उनके लिए ज्यादा समय रखें। थकान से बचने के लिए छोटे ब्रेक भी लें। इससे रिवीजन ज्यादा ऑर्गनाइज्ड होगा और आखिरी मिनट का तनाव दूर करेगा।
रिवीजन नोट्स से करें : रिवीजन के लिए अपने बनाए छोटे नोट्स को चुनें टेक्स्टबुक नहीं। पूरी टेक्स्टबुक दोबारा पढ़ने में बहुत टाइम लग सकता है। नोट्स में मुख्य पॉइंट्स, फॉर्मूले, परिभाषाएं और तारीखें शामिल होनी चाहिए।
एनसीईआरटी के कंटेंट पर फोकस : ज्यादातर बोर्ड में पेपर एनसीईआरटी की किताबों पर आधारित होता है। इसलिए एनसीईआरटी के सभी उदाहरण, एक्सरसाइज, डायग्राम और परिभाषाएं अच्छी तरह से रिवाइज करें। इसके चैप्टर में सीधे या घुमा-फिराकर सवाल पूछे जाते हैं। इसे नजरअंदाज करना रिस्की हो सकता है।
जवाब लिखने की प्रैक्टिस करें : सिर्फ पढ़ना ही काफी नहीं है। जवाब लिखने से स्पीड और प्रेजेंटेशन बेहतर होती है। एक टाइम लिमिट में लंबे और छोटे जवाब लिखने की प्रैक्टिस करें। यह खासकर इंग्लिश, सोशल साइंस और साइंस जैसे सब्जेक्ट्स के लिए फायदेमंद है।
फॉर्मूले और डायग्राम रोज रिवाइज करें : गणित और साइंस में फॉर्मूले और डायग्राम रोज रिवाइज करें। मैथ्स, फिजिक्स और केमिस्ट्री के लिए अलग फॉर्मूला शीट बनाएं और रोज 15 मिनट रिवाइज करें।
जो रिवाइज करें, उसे पढ़ाएं : किसी और को जवाब समझाना रिवीजन का एक अच्छा तरीका है। इससे अपनी कमजोरियों का पता चलता है और समझ बेहतर होती है। अगर कोई टॉपिक समझाना मुश्किल लग रहा है, तो इसका मतलब है कि उसे और रिवीजन की जरूरत है।
छोटे मॉक टेस्ट दें : एक चैप्टर रिवाइज करने के बाद, एक छोटा टेस्ट या सैंपल पेपर दें। इससे यह पता चलता है कि कितना याद हुआ है। गलतियों को समझें और उन टॉपिक्स को फिर से रिवाइज करें।
अच्छी नींद लें और शांत रहें : रिवीजन तब सबसे अच्छा होता है जब दिमाग फ्रेश हो। हर दिन देर रात तक पढ़ाई करने से बचें। सही नींद मेमोरी और फोकस बेहतर बनाने में मदद करती है।