संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की सिविल सेवा परीक्षा देश के सबसे कठिन एग्जाम में से एक माना जाता है। हस साल लाखों छात्र यूपीएससी की सिविल सेवा परीक्षा का एग्जाम देते हैं। लाखों छात्रों में से कुछ चुनिंदा छात्र ही इसके फाइनल लिस्ट में अपनी जगह बना पाते हैं। कुछ छात्र इस एग्जाम के अंतिम पड़ाव तक पहुंचने के बाद भी कुछ नबंरो से चूक जाते हैं। सिविल सेवा परीक्षा में इंटरव्यू तक पहुंचने के बाद सेलेक्शन न होने वाले उम्मीदवारों के लिए यूपीएससी ने एक अनोखी पहल की शुरुआत की है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी आज 31 अगस्त को अपने ‘मन की बात’ कार्यक्रम के 125वें एपिसोड में इसका जिक्र किया है।
