West Bengal Election Rsults 2026: पश्चिम बंगाल में प्रचंड जीत के बाद भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने बड़ा कदम उठाया है। दरअसल, ममता बनर्जी की हार के बाद तृणमूल कांग्रेस (TMC) समेत दूसरी पार्टियों के कार्यकर्ताओं के बीजेपी में शामिल होने की होड़ से मच गई है। इसके बाद BJP पश्चिम बंगाल के प्रवक्ता देबजीत सरकार ने एक आधिकारिक घोषणा करते हुए साफ कहा है कि कोई भी व्यक्ति खुद को भाजपा का सदस्य घोषित नहीं कर सकता, जब तक पार्टी द्वारा औपचारिक रूप से उसकी सदस्यता स्वीकार न की जाए।
इस बाइलिंगुअल नोटिस (BJP लोगो के साथ) में जोर दिया गया है कि केवल औपचारिक नामांकन के बाद ही कोई व्यक्ति खुद को भारतीय जनता पार्टी का सदस्य बता सकता है। यह पश्चिम बंगाल में बिना अनुमति के सदस्यता का दावा करने वालों को टारगेट करते हुए जारी किया गया है।
दरअसल, बंगाल बीजेपी ने सही समय पर बड़ा कदम उठाया है। बीजेपी सूत्रों का कहना है कि चुनाव के बाद की शांत बंगाल की तस्वीर को टीएमसी के गुंडे बदरंग करना चाहते हैं। बीजेपी ने इसके बाद यह फैसला लिया है ताकि बंगाल का शांत और सौम्य चेहरा वापस आ सके।
BJP पश्चिम बंगाल के प्रवक्ता देबजीत सरकार ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर इंग्लिश और बंगाली में लिखा, "आप खुद को BJP का सदस्य घोषित नहीं कर सकते। जब तक पार्टी औपचारिक रूप से आपको स्वीकार न कर ले, तब तक आप खुद को BJP का सदस्य होने का दावा नहीं कर सकते।"
भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में सोमवार को 207 सीटें जीतकर दो-तिहाई से अधिक बहुमत हासिल कर इतिहास रच दिया। भगवा पार्टी ने तणमूल कांग्रेस के 15 साल के शासन का अंत कर दिया। पश्चिम बंगाल की 294 सदस्यीय विधानसभा में बहुमत का आंकड़ा 148 है। हालांकि, फाल्टा में मतदान रद्द होने के कारण 293 निर्वाचन क्षेत्रों के मतों की गिनती हुई। इस वजह से फिलहाल बहुमत का आंकड़ा 147 है।
पश्चिम बंगाल में BJP ने सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस के पारंपरिक गढ़ों में सेंध लगाई और शहरी एवं ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में अपना जनाधार बढ़ाया। इस जीत के साथ, BJP राज्य में पहली बार सरकार बनाएगी। वर्ष 2011 में लगभग चार प्रतिशत के मामूली वोट शेयर से BJP 2019 में लगभग 40 प्रतिशत तक पहुंच गई। फिर 2021 के विधानसभा चुनावों में 77 सीटें हासिल करके वामपंथी और कांग्रेस को पछाड़ते हुए टीएमसी के प्रमुख प्रतिद्वंद्वी के रूप में उभरी।
इस बीच, तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी ने मंगलवार को मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने से इनकार किया। सीएम ने आरोप लगाया कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव का परिणाम जनादेश नहीं बल्कि एक साजिश है। बनर्जी के इस फैसले से राज्य में ऐसी स्थिति उत्पन्न हो सकती है जिसको लेकर संविधान में कोई स्पष्ट उल्लेख नहीं है। साथ ही इससे राजनीतिक टकराव की स्थिति भी उत्पन्न हो सकती है।