आम आदमी पार्टी (AAP) के भीतर मचे इस घमासान के पीछे कई गहरे राजनीतिक कारण माने जा रहे हैं। पार्टी सूत्रों के अनुसार, राज्यसभा सचिवालय को भेजे गए पत्र में राघव चड्ढा की जगह अशोक मित्तल को नया उप-नेता नियुक्त करने का अनुरोध किया गया है। उनकी इस विदाई का सबसे बड़ा कारण पिछले कुछ समय से उनकी लंबी खामोशी और पार्टी के मुख्य कार्यक्रमों से लगातार नदारद रहना माना जा रहा है। विशेष रूप से, मार्च 2024 में जब अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी हुई थी, तब राघव चिकित्सा कारणों से विदेश में थे और संकट के उस समय में सक्रिय राजनीति से उनकी दूरी ने कई सवाल खड़े किए थे। हालांकि आम आदमी पार्टी इसे एक सामान्य 'आंतरिक पुनर्गठन' और संगठनात्मक बदलाव का नाम दे रही है, लेकिन विपक्षी दल भाजपा का सीधा आरोप है कि राघव ने मुश्किल वक्त में जानबूझकर केजरीवाल से दूरी बनाई थी, जिसका खामियाजा अब उन्हें अपना पद गंवाकर भुगतना पड़ रहा है।